महिलाओं विकलांगों को छूट बसों में
महिलाओं विकलांगों को छूट बसों में
बचेली|छत्तीसगढ़में चल रही निजी यात्री बसों में वरिष्ठ नागरिकों समेत महिलाओं विकलांगों के लिए किसी प्रकार की तो छूट मिलती है और ही कोई सुविधा दी जा रही है। अन्य राज्यों में इनके लिए बाकायदा सीट आरक्षित होती है। बुजुर्गों को बस से उतारने और चढ़ाने में भी कंडक्टर सहयोग करते हैं, लेकिन छत्तीसगढ़ में इस तरह की कोई सुविधा राज्य शासन द्वारा अधिकृत बसों में नहीं मिलती है। वाहनों के ठहरने के लिए बस स्टैंड होने के बाद भी इन बसों को सड़क पर जहां मर्जी रोक दिया जाता है। बैलाडिला से दुर्ग तक लगभग साढ़े 4 सौ किमी की दूरी तय करने में इन बसों को 16 घंटे तक लग जाते हैं। जिससे महिलाओं एवं छोटे बच्चों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। बसों को जहां रोका जाता है वहां प्रसाधन नहीं होने से अक्सर परेशानी होती है। इस संबध में कई बार मुख्यमंत्री समेत मंत्रियों और कलेक्टर को भी अवगत कराया गया है लेकिन समस्या जस की तस है। संभाग में जगदलपुर का बस स्टैंड सबसे बड़ा है, लेकिन बसों को बस स्टेंड के भीतर ले जाने के बजाय सड़क पर ही खड़ा किया जाता है। प्रतिस्पर्धा के चलते बस संचालक ज्यादा देर तक नहीं ठहरते। बचेली-किरंदुल मंे भी जहां बसें ठहरती हैं वहां किसी प्रकार के प्रसाधन की व्यवस्था नहीं है।