अध्यक्ष के लिए चल रहा जोड़तोड़
जिलापंचायत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव की घोषणा के साथ ही इस पद को हासिल करने के लिए प्रमुख राजनैतिक पार्टियां जोर आजमाईश में लग गई है।
कांग्रेस ने पूर्व विधायक प्रतिमा चंद्राकर भाजपा ने नगर निगम राजनांदगांव के महापौर मधुसूदन यादव को पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। जिला पंचायत के सदस्यों की जैसी स्थिति है उसे देखते हुए अध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस का पलड़ा भारी दिख रहा है। अब देखना दिलचस्प होगा कि राजनैतिक पार्टी अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष पद को हासिल करने क्या दांव लगाती है। अध्यक्ष के लिए निर्दलीय को अपने पक्ष में करने के लिए राजनैतिक पार्टियां रणनीति बना रहे हैं। कोई किसी को हल्के में नहीं ले रहा है। राजनैतिक पार्टियों को इतना तो मालूम है कि पूर्ण बहुमत के लिए निर्दलीय का साथ जरूरी है।
जिला बनने के बाद बालोद में पहली बार जिला पंचायत सदस्यों के लिए चुनाव हुआ। जिले में 14 जिला पंचायत क्षेत्र है। सभी क्षेत्रों में भाजपा-कांग्रेस के अलावा निर्दलीय प्रत्याशियों ने अपना भाग्य आजमाया। कांग्रेस काे 6 भाजपा को 4 जिला पंचायत क्षेत्र में जीत मिली।
निर्दलीय को पक्ष में करने सक्रिय हैं नेता
भाजपाकांग्रेस के नेता अपने-अपने पक्ष में समीकरण बनाने के लिए सदस्यों पर डोरे डालने की कवायद की जा रही है। जिससे वे बहुमत का आंकड़ा प्राप्त कर सकें। औसत परिणाम देखे तो भाजपा को नुकसान हुआ है। अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष चयन के लिए अब ज्यादा दिन नहीं है। एक सप्ताह बाद चुनाव होने वाला है। कांग्रेस और भाजपा दोनों अपने-अपने जीत के दावे कर रहे हैं।