पांच युवा छह माह से बंधक हैं सीमांध्र में
सीमांध्र के कड़प्पा जिले के पुनगूर में छह माह से बंधक इलमिड़ी के पांच युवकों को लाने जिला प्रशासन के अफसरों की टीम शनिवार को यहां से रवाना हो गई। आठवीं से दसवीं तक पढ़े बंधक युवा बीस से बाइस साल के बीच के हैं। उसूर ब्लाॅक के इलमिड़ी के पासाराम पारा से 11 युवा कड़प्पा जिले के पुनगूर गए थे। यहां से तीन माह पहले छह लोग लौट आए। पुनगूर में अभी गोविंदराम रेंगा, लखन मणी, राजेश पूनेम, हरीश ककेम एवं संतोष कोरसा फंसे हुए हैं। इन्हें कर्नाटक का एक दलाल विनोद ले गया था। वे इलमिड़ी से वेंकटापुरम तक पैदल गए थे। वहां से वे बस से पुनगूर गए। वहां वे लकड़ी काटने और लोडिंग की मजदूरी मजबूरी में कर रहे हैं।
फोन से इन युवकों ने अपने परिजनों को बताया कि ठेकेदार उन्हें आने नहीं दे रहा और न ही घर आने के पैसे दे रहा है। उन्हें हर माह सात हजार रुपए देने का लालच लेकर ले जाया गया था। इस मामले की शिकायत परिजन राजकुमार रेंगा एवं मणी गणपत ने कलेक्टर यशवंत कुमार एवं एसडीएम राजीव पांडे से की। बंधकों को छुड़ाने और लाने के लिए बनाई टीम में श्रम निरीक्षक रमेश मण्डावी, संरक्षण अधिकारी राजीव राज, एएसआई ईश्वरलाल सरकार, सिपाही मनोज वासम एवं फब्यानूस एक्का शामिल किया है।
बीजापुर। अफसरों से चर्चा करते इलमिड़ी के ग्रामीण।