लोकनृत्य में राजनांदगांव प्रथम
कुरूद| 15वांराज्य स्तरीय युवा उत्सव पुरस्कार वितरण समारोह के मुख्य अतिथि दाऊ मंदराजी लोककला राज्य अलंकरण 2014 से सम्मानित एलपी गोस्वामी थे। अध्यक्षता राईस मिल एसो. कुरूद अध्यक्ष कुशल सुखरामणी ने की। विशिष्ट अतिथि प्रदेश उपाध्यक्ष राईस मिल एसो. रोशन चंद्राकर, निर्णायक पदमलोचन जायसवाल, रिखी क्षत्रिय, डॉ. नत्थू तोड़े थे। खेल अधिकारी सुधा सिंह के मार्गदर्शन में शासकीय बालक उमावि कुरूद प्रागंण में आयोजित राज्य स्तरीय युवा उत्सव लोकनृत्य के समापन समारोह में श्री गोस्वामी ने कहा कि संपूर्ण छत्तीसगढ़ के 27 जिलों की लोकनृत्य के माध्यम से झलक देखने को मिली। संगीत साधना योग है। बिना लोक के लोक संस्कृति और लोकनृत्य की कल्पना नहीं की सकती और लोकनृत्य से जीवन में सुख की प्राप्ति की जाती है। पदमलोचन जायसवाल ने कहा कि प्रतिभागी कलाकारों को तपस्या करने जरूरत है, जिससे अपनी कला को और निखार सकते हंै। लोकनृत्य में प्रथम स्थान जिला राजनांदगांव को 10 हजार रुपए नकद, द्वितीय जिला सरगुजा साढ़े सात हजार रुपए एवं तृतीय धमतरी जिला को पांच हजार रुपए प्रदान किए गए। छत्तीसगढ़ स्तरीय कार्यक्रम में 27 जिलों के प्रतिभावान प्रतिभागियों ने सुआ, ददरिया, पंथी नृत्य से समां बांधा। सभी जिलों के कलाकारों को सराहना मिली। संचालन निरंजन साहू एवं कुलेश्वर सिन्ह ने किया।
कुरूद. राज्य स्तरीय युवा उत्सव में छत्तीसगढ़ी नृत्य की प्रस्तुती देते कलाकार।