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गणित, अंग्रेजी और विज्ञान में छात्र-छात्राएं बेहद कमजोर
70 फीसदी बच्चे और ग्रेड में आए, प्रमुख विषयों में 10 से 15 फीसदी छात्रों को ही मिला ग्रेड।
भूपेन्द्रपटवा |धमतरी
सरकारीस्कूलों में पढ़ाई का स्तर निम्न होते जा रहा है। अंग्रेजी, गणित और विज्ञान में तो डिब्बा गोल है। इन विषयों में छात्र-छात्राएं बेहद कमजोर हैं। 70 फीसदी बच्चे और ग्रेड में आए हंै। जो शिक्षा विभाग के लिए चिंता का विषय है। इसका खुलासा राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के बेसलाइन सर्वे में हुआ है।
माध्यमिक स्तर पर परीक्षा का पैटर्न बंद होने के बाद स्थिति बेहद खराब हो गई है। शिक्षा व्यवस्था को लेकर प्रदेश स्तर पर बेसलाइन सर्वे कर पड़ताल शुरू की गई है। पिछले कुछ वर्षो से यह सर्वे हो रहा है, लेकिन इसके अच्छे परिणाम नजर नहीं रहे। 2014-15 अंतर्गत हाल ही में कक्षा 9वीं में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं का बेसलाइन सर्वे हुआ।
जिले के 151 सरकारी स्कूलों में सर्वे किया गया। राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के राज्य कार्यालय से प्रश्नपत्र पहुंचा था, जिसमें सामान्य स्तर के प्रश्नों की संख्या अधिक थी। सर्वे शिक्षा विभाग, आरएमएसए और आदिम जाति कल्याण विभाग ने मिलकर किया। नवमीं में दर्ज संख्या 16 हजार 610 है। इसमे से 16 हजार 247 का सर्वे हुआ। सर्वे के बाद रिपोर्ट आई, जो वाकई चौकाने वाला है। सर्वाधिक कमजोर गणित, विज्ञान और अंग्रेजी विषय में है। गणित विषय में 16 हजार 247 बच्चों में से मात्र 166 को ग्रेड 521 को ग्रेड मिला। 10 हजार 269 बच्चे ग्रेड में आए। विज्ञान में भी मात्र 165 बच्चों को ग्रेड, 1205 बच्चों को ग्रेड मिला।
धमतरी. आठवीं बोर्ड हटने के बाद स्थिति हुई खराब। फाईल फोटो
सर्वे अनुसार छात्रों का विषयवार ग्रेड
विषयशामिल बच्चे ग्रेड ग्रेड ग्रेड ग्रेड ग्रेड
गणित 16247 166 521 1462 3549 10269
विज्ञान 16247 165 1205 3792 7207 3569
अंग्रेजी 16247 249 1364 3214 5603 5339
सा.विज्ञान 16247 344 1792 4781 6296 2752
हिन्दी 16247 274 1357 3838 5618 4637
संस्कृत 16247 207 1210 3380 5298 5760
कोचिंग की तैयारी है
सर्वेमें कमजोर बच्चों की बड़ी संख्या सामने आने के बाद इन बच्चों को कोचिंग देने की तैयारी चल रही है। विद्यालय स्तर पर इन्हे कोचिंग दिया जाना है। ग्रेड में आए बच्चों को कोचिंग दिया जाना है। परीक्षा पूर्व 20 दिनो तक ट्रेनिग दी जाएगी।