शौचालय का पानी रहा तालाब में
वार्ड प्रोफाइल, टिकरापारा वार्ड
शौचालय का पानी भी तालाब में
वार्डमें भंडार खपरी तालाब है। देखरेख के अभाव के कारण दोनों तालाब की स्थिित बदतर हो गई है। पानी का रंग भी हरा हो गया है। शौचालय का पानी तालाब में जाने से तालाब में गंदगी हावी हो गई है। दूषित पानी में निस्तारी करने से चर्मरोग फैल रहा है।
जनसंख्या : लगभग 2300
मतदाता : लगभग 1800
सड़क : जर्जर
बुनियादी सुविधाएं : अपर्याप्त
पानी निकासी : बदहाल
धमतरी. कचरे से भरे तालाबों में नागरिकों का निस्तार हुआ मुश्किल।
तालाब डबरे में तब्दील हो गए हंै। वार्डवासी निस्तारी मजबूरी में ही करते हैंं। इनके गंदे पानी से त्वचा रोग और संक्रमण का भय बना रहता है।
भास्करन्यूज| धमतरी
जगदलपुरकी ओर जा रहे राष्ट्रीय राजमार्ग की बाई ओर स्थित नगर के टिकरापारा वार्ड का हाल भी ज्यादातर वार्डों जैसा ही है। इसके एक ओर चौड़ा नेशनल हाईवे है तो दूसरी तरफ बेतरतीब गलियों का जाल है। सड़कें, सफाई और प्रकाश व्यवस्था जैसी बुनियादी सुविधाओं के मामले में ये वार्ड फिसड्डी मालूम पड़ता है।
वार्ड का ज्यादातर हिस्सा अपेक्षाकृत निचले धरातल पर बसा है। जरा सी बारिश से कीचड़ हो जाता है उस पर बदहाल और टूटीफूटी नालियां जल निकासी में असफल साबित होती हंै और गंदा पानी रास्ते पर जाता है। गंदगी और दुर्गंध का तो जैसे इस वार्ड से रिश्ता स्थाई है। वार्ड में दो तालाब हंै, जो देखरेख के अभाव में गंदे डबरे में तब्दील हो गए हंै। वार्डवासी इनमें निस्तारी मजबूरी में ही करते हैंं क्योंंकि इनके गंदे पानी से त्वचा रोग और संक्रमण का भय बना रहता है। कई नालियों तथा शौचालयों का गंदा पानी आकर इनमें गिरता है। नियमित सफाई के अभाव में हर जगह कचरे का ढेर अक्सर बना रहता है। वार्ड की गंदगी में यहां स्थित डेयरियों का भी कम योगदान नहीं है। कभी भी रास्ते पर मवेशियों का झुंड चहलकदमी करता नजर जाता है। रोज मवेशी तालाबों में नहलाए जाते है। गोबर कचरा भी रास्ते पर ही बिखरा रहता है। सार्वजानिक शौचालय की कभी-कभी ही सफाई की जाती है। इसकी दुर्गंध से आस-पास के घरों के वासी हरदम हलाकान रहते है।
ऐसा नही है कि वार्डवासियों ने इन समस्याओं को लेकर कोई आवाज नही उठाई है। कई बार लोगों ने पालिका में शिकायत की है। किंतु कभी कभार ही कुछ सुधार हुआ बाद में वहीं ढाक के तीन पात। पिछले पांच वर्ष के