पहले गोलमाल किया, अब मुंह छिपा रहे
पिछलेसात माह से फरार चल रहा एक करोड़ रूपए से अधिक रकम का घोटाले मामले का आरोपी तत्कालिन डीईओ एमआर खांडे अंतत: सोमवार को पुलिस के हत्थे चढ़ गया। सूत्रों के अनुसार न्यायालय परिसर से पकड़ा गया आरोपी अफसर एक महिला मित्र के कहने पर ही आत्मसमर्पण करने कांकेर कोर्ट पहुंचा था। यहां उसे पुलिस ने पकड़ लिया। अब डीईओ के पकड़े जाने के बाद शिक्षा विभाग घोटाले में शामिल और भी नाम सामने आने की संभावना बढ़ गई है।
कांकेर थाना में इसी साल 12 मार्च को डीईओ खांडे के खिलाफ शासकीय राशि में हेराफेरी कर गबन करने का मामला दर्ज किया गया था। इसी दौरान खांडे फरार हो गया था। पुलिस के अनुसार उसे पकड़ने हर संभावित जगहों पर दबिश थी लेकिन वह नहीं मिला। फरारी के दौरान डीईओ पुलिस को चकमा देकर देश के अलग अलग राज्यों में घूमता रहा। जिसके चलते वह पुलिस के पकड़ से बाहर रहा। इस दौरान खांडे ने अपनी अग्रिम जमानत के लिए भी हाईकोर्ट में अर्जी भी लगा रखी थी। जमानत के लिए वह बीच बीच में चोरी छिपे बिलासपुर भी जाता रहा लेकिन पुलिस उसे पकड़ नही पाई।
करीब डेढ़ माह पूर्व उसकी जमानत याचिका खारिज हो गई थी। इसके बाद से वह परेशान था और यहां वहां छुपकर दिन काट रहा था। अंत में रायपुर निवासी एक महिला मित्र के कहने पर ही वह सरेंडर करने सोमवार को कांकेर पहुंचा था जहां से पकड़ लिया गया। पुलिस उसे हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
विभिन्न शहरों की लाज को बनाया था ठिकाना
पताचला है कि खांडे पकड़े जाने के डर से अपने या किसी परिचित के घर में नहीं रूकता था। फरारी के इस पूरे समय में वह विभिन्न शहरों के लाज होटलों को अपना ठिकाना बना रखा था। लंबे समय तक यदि वह किसी शहर में रूकता तो भी लाज बदलता रहता था। फरारी के बाद खांडे मार्च से अप्रैल तक कोलकाता में, मई में उड़ीसा में, जून, जुलाई, अगस्त तथा सितंबर माह के शुरूआती दिनों में वह मध्यप्रदेश के रीवा जिले में रहा।
इस दौरान बीच बीच में वह बिलासपुर भी आता रहा। हाल में ही वह 9 से 19 सितंबर तक विशाखापट्नम तथा विजयवाड़ा में रहा। 22 सितंबर को नागपुर पहुंचा था। इसके बाद वह रायपुर बिलासपुर में घूमता रहा।
^फरार एमआर खांडे को पुलिस ने कांकेर से पकड़ लिया है। उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है जिसके बाद उसे न्यायालय में पेश कर दिया जाएगा। दीनबंधुउईके, टीआईकांकेर
यह है मामला
जिला शिक्षा विभ