कृमि की जानकारी देकर दवा खिलाई
अंचलमें जगह जगह राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस मनाया गया। आरबीएस की दो टीमों ने शिक्षण संस्थानों मेंं जाकर छात्र-छात्राओं को कृमि नाशक दवा की खुराक दी। बच्चों का परीक्षण भी किया गया।
आरबीएस टीम में शामिल डा राजेश शुक्ल ने बताया कि कृमि से मुक्ति के लिए सभी स्कुलो में 10 से 19 वर्ष तक के छात्र-छात्राओं को कृमिनाशक दवा का वितरण किया जा रहा है। कृमि से पेट दर्द, हेल्थ हाईट पर प्रभाव पड़ता है। 6 माह में इसकी दवा लेना चाहिए। टीम में डा प्रीति बोरकर, फार्मसिस्ट हीरकणी साहू, गिरीश कश्यप, एएनएम डामेश्वरी दीवान शामिल थे। जो बच्चे कृमि का दवा नहीं ले पाए हैं, उनको 13 फरवरी को दवा का वितरण की जाएगी।
इधर दुर्गूकोंदल में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति अभियान के तहत 10 फरवरी को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस के अवसर पर दुर्गूकोंदल ब्लाक के सभी स्कूलों, आंगबाड़ी केन्द्र के 10 से 19 वर्ष तक के बच्चो को कृमिनाशक गोली दी गई। बीएमओ बीएस ठाकुर ने कई गांव के स्कूल, आंगनबाड़ी केन्द्र का दौरा करने के बाद बताया ब्लाक भर के लगभग 85 प्रतिषत बच्चों को दवा दी जा चुकी है। शेष छूटे बच्चो को 13 फरवरी को चिन्हांकित कर गोली बांटी जाएगी।
पटौद में शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला पटौद में कृमि मुक्ति अभियान दिवस मनाया गया। प्रधानाध्यापक मंजू साहू ने कृमि से होने वाली बीमारियों शारीरिक व्याधियों की जानकारी दी। शिक्षक कृष्णा करायत, राजेश नेताम, अनिल शर्मा ने भी कृमि मुक्ति अभियान दिवस पर स्वास्थ संबंधी जानकारी दी। शिक्षक चंद्रप्रकाश रवानी ने बच्चों को हाथ धुलाई के संबंध में बताया। बच्चों को कृमि की गोलियां खिलाई गई।
कांकेर. स्कूली बच्चों को दी गई कृमिनाशक दवा। इस दौरान 10 से 19 साल से सभी छात्रों को दवा िखलाई गई।