नाराज पालकों ने सांसद को बताई पीड़ा
छात्राओंके साथ अश्लील हरकत और लंबे समय से प्रताड़ित करने से नाराज पालकों ने बुधवार को नवोदय विद्यालय में जमकर बवाल मचाया। सांसद डॉ. बंशीलाल महतो भी स्कूल पहुंचे और बच्चों स्टाफ से चर्चा की। विद्यालय संगठन द्वारा भेजे गए जांच दल के सदस्य नीलम पाणी डीके रावटे भी पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
इस घटना की जानकारी यहां रहने वाले छात्र छात्राओं के परिजनों को हुई वे बुधवार को बड़ी संख्या में स्कूल पहुंचे। यहां उन्होंने प्रबंधन के अधिकारियों शिक्षकों को जमकर खरी खोटी सुनाई। उन्होंने कहा कि लंबे समय से बच्चों को प्रताड़ित किया जा रहा है। इसके बाद भी वे अच्छी शिक्षा के नाम पर अब तक चुप रहे हैं। लेकिन जिस तरह की हरकत प्राचार्य अन्य स्टाफ ने किया वह कतई माफी योग्य नहीं है। अगर उनके खिलाफ अपराधिक प्रकरण दर्ज नहीं कराया गया और विद्यालय संगठन ने उचित कार्रवाई नहीं की तो वे बच्चों के साथ आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। मौके पर पहुंचे सांसद डॉ. महतो के समक्ष भी परिजनों ने फरियाद लगाई। उनके समझाइश के बाद पालक थोड़ा शांत हुए। डॉ. महतो ने पूरे परिसर का अवलोकन कर समस्याओं की भी जानकारी ली। हास्टल पहुंचकर बच्चों से जानकारी ली और उन्हें आश्वस्त किया कि किसी भी प्रकार से डरने या परेशान होने की जरूरत नहीं है। जो दोषी है, उनके खिलाफ हर हाल में कार्रवाई कराई जाएगी। बच्चे भी उनसे चर्चा कर काफी सुकून महसूस किया।
टीचिंगस्टाफ से भी की चर्चा : सांसदडॉ. महतो ने बच्चों से बात करने के बाद टीचिंग स्टाफ से भी चर्चा की। उनसे भी इस घटना के संबंध में जानकारी ली। साथ ही उन्हें समझाइश दी है कि बच्चे अपने माता-पिता से दूर रहकर पढ़ाई कर रहे हैं। ऐसे में स्कूल परिसर में वे केवल गुरु बल्कि माता-पिता की तरह व्यवहार करे ताकि बच्चों को अपने भविष्य बनाने में डर या संकोच हो।
परिसर से बेदखल प्राचार्य आरोपी शिक्षक
मंगलवारको एसडीएम वीके पाटले के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम स्कूल पहुंचा था। जांच के बाद प्रथम दृष्टया दोषी होने की सूचना विद्यालय संगठन मुख्यालय को दे दिया गया था। उनके आदेश पर ही प्राचार्य सी कनम्मा दो अन्य को हटाने की अनुशंसा कर दी गई थी। जांच टीम सदस्य सीमा भारद्वाज के साथ उनकी गाड़ी में प्राचार्य सी कनम्मा को स्कूल परिसर से बाहर भेज दिया गया। अन्य आरोपी शिक्षकों को भी परिसर से बेदखल कर दिया गया है।
बच्चोंशिक्षकों का बयान दर्ज
नवोदयविद्यालय रायपुर की प्राचार्य नीलम पाणी चांपा विद्यालय के प्राचार्य डीके रावटे बुधवार को स्कूल पहुंचे। संगठन ने उन्हें जांच अधिकारी नियुक्त किया है। उन्होंने छात्राओं का घटना को लेकर बयान दर्ज किया। साथ ही शिक्षकों के भी बयान लिए गए है। वे अपनी रिपोर्ट संगठन मुख्यालय को सौंपेंगे। देखना यह है कि मुख्यालय के द्वारा आरोपियों के खिलाफ कैसी कार्रवाई की जाती है? शिक्षा के अधिकार कानून के तहत यह गंभीर प्रकृति का अपराध है और इसमें एफआईआर दर्ज कराने का भी प्रावधान हैं।
विभागका स्कूलों पर नहीं रह गया नियंत्रण
शिक्षाविभाग का दायित्व है कि वे जिले में संचालित राज्य केन्द्रीय पाठ्यक्रम वाले स्कूलों पर नियमित नजर रखे। ताकि बच्चों को अव्यवस्था प्रताड़ना बर्दाश्त करना पड़े। लेकिन विभाग के अधिकारियों की रूचि केवल स्कूलों में आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि बनने में ही रह गई है।
पहले भी जांच टीम ने बचाया था
पूर्वमें भी स्कूल स्टाफ बच्चों ने प्राचार्य आरोपी शिक्षकों के खिलाफ गंभीर शिकायत विद्यालय संगठन से की थी। जिला प्रशासन को भी शिकायत की जानकारी दी गई थी। प्रशासन ने कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया था। विद्यालय संगठन ने जांच के लिए टीम जरूर भेजा था, लेकिन जांच रिपोर्ट में आरोपियों को निर्दोष साबित कर दिया गया था। इसी का परिणाम बच्चों को साल भर तक भुगतना पड़ रहा था।
प्रभारीप्राचार्य तिवारी आएंगे शीघ्र
विद्यालयसंगठन ने भोपाल स्थित नवोदय विद्यालय के उप प्राचार्य तिवारी को सलोरा स्थित विद्यालय का प्रभारी प्राचार्य नियुक्त किया है। वे शीघ्र यहां आकर कार्यभार संभाल रहे एसके अनंत से प्रभार लेंगे। स्कूल प्रबंधन को भी उनके आने का बेसब्री से इंतजार है।
मानवसंसाधन मंत्रालय में करेंगे शिकायत : महतो
^स्कूल का बुधवार को भ्रमण कर बच्चों शिक्षकों से सीधी बात की है। जो भी आरोप उन्होंने लगाए है। वह बिल्कुल सही है। विद्यालय संगठन के डिप्टी कमीश्नर से चर्चा कर इस पर नाराजगी जताई है। मानव संसाधन मंत्रालय में जाकर इस मामले की शिकायत दर्ज कराई जाएगी ताकि किसी भी स्कूल में बच्चों के साथ इस तरह की हरकत प्रबंधन द्वारा की जाए। डॉ.बंशीलाल महतो, सांसद
स्कूल परिसर में बच्चों से चर्चा करते सांसद डॉ. बंशीलाल महतो।
पालकों ने भी मुलाकात कर उन्हें बताई परेशानी।