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नशे में मिले तो नहीं चला सकेंगे दो दिन आटो

6 वर्ष पहले
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शराबपीकर सवारी आटो चलाना आटो चालकों के लिए महंगा पड़ सकता है क्योंकि इस तरह की शिकायत मिलने पर ऐसे चालकों पर जिला आटो संघ कड़ी कार्रवाई करेगी। जुर्माना के अलावा दो दिनों तक आटो खड़ी कर ली जाएगी।

जिले के शहरी-उपनगरीय क्षेत्र में यात्रियों के आवागमन का प्रमुख साधन आटो है। इस कारण शहरी क्षेत्र में हजारों की संख्या में सवारी आटो दौड़ती है। इन आटो का संचालन जिला आटो संघ के अंतर्गत किया जाता है। अलसुबह से देर रात तक आटो में लोग गतंव्य के लिए सफर करते हैं।

दूसरी ओर कई आटो चालक सवारी लेकर आटो चलाते समय नशे में होते हैं। इस कारण यात्रियों से दुर्व्यहार की शिकायत अक्सर होती है। वही सड़क हादसों की संभावना भी बनी रहती है। इससे जहां यात्रियों को परेशानी होती है। वही जिला आटो संघ की बदनामी भी होती है। इसके तहत संघ के पदाधिकारियों ने गत दिनों बैठक आयोजित की। जिसमें जनहित और संघहित में निर्णय लिया गया।

सबसे महत्वपूर्ण निर्णय यह लिया गया कि आटो चलाते समय आटो चालक नशे में मिलेंगे तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए संघ ने 5 सौ रुपए तक जुर्माना के अलावा दो दिनों तक ऐसे चालकों की आटो खड़ी कर ली जाएगी। जिससे वह सवारी नहीं ले जा सकेंगे। इसी तरह आटो चालकों को बगैर लाइसेंस आटो नहीं चलाने का निर्देश दिया गया।

साथ ही संघ के हित में काम करने के लिए 20 सदस्यों की एक प्रबंध कार्यकारिणी बनाने का निर्णय लिया गया है।

नशे में होने की सूचना मिलते करेंगे कार्रवाई

^आटोचालकों को शराब के नशे में आटो चलाने से मना और लाइसेंस रखकर वाहन चलाने को कहा गया है। यात्रियों से किसी भी आटो चालक के खिलाफ सूचना मिलेगी तो तस्दीक करके कार्रवाई करेंगे। जुर्माना दो दिनों तक ऐसे आटो चालक की आटो खड़ी कर ली जाएगी। मिथुनसरकार, अध्यक्ष, जिला आटो संघ कोरबा

किराया घटाने पर आटो संघ में चुप्पी

6माह से लगातार पेट्रोल-डीजल के दाम में गिरावट आने के बाद भी आटो किराया में किसी तरह की कमी नहीं की गई है। जिला आटो संघ द्वारा बैठक में किराया कम करने पर विचार की बात कही जाती है। लेकिन जब भी संघ की बैठक होती है तब किराया के संबंध में चर्चा करने के बजाए पदाधिकारी चुप्पी साध लेते हैं। दूसरी ओर आटो चालकों द्वारा अब भी मनमर्जी से किराया वसूला जाता है।