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मंदिर से साईं की मूर्ति गायब...खंडित मिली

7 वर्ष पहले
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कोरबा | शहरके राताखार के टावर मोहल्ला में स्थित मंदिर से मंगलवार की रात साईं बाबा की मूिर्त गायब थी। खोजबीन के दौरान हसदेव नदी के किनारे मूिर्त कई टुकड़ों में मिली। मामले में पुलिस जांच कर रही है।

सिटी कोतवाली अंतर्गत राताखार बस्ती के टावर मोहल्ले में पिछले 6 साल से मूलत: तमिलनाडू के मदुरई निवासी कृष्णा मेनन अपनी प|ी मीना मेनन (35) परिवार समेत रहते हैं। उनके घर के पीछे हिस्से के मचान में सार्वजनिक रूप से खुले दरबार की तरह मंदिर बनाया गया है। जहां शिवलिंग, नंदी की मूर्ति के साथ ही साईं बाबा की मूर्ति स्थापित की गई थी। मोहल्ले के लोगों की आस्था इस मंदिर से जुड़ी है। मंगलवार की रात लगभग 10 बजे तक मंदिर में लोग मौजूद थे। इसके बाद सभी घर चले गए। रात लगभग 11.30 बजे मोहल्ले के एक व्यक्ति ने मंदिर से साईं बाबा की मूर्ति गायब देखी। इसकी जानकारी मेनन परिवार समेत मोहल्ले के लोगों को दी। इससे वहां हड़कंप मच गया। किसी असामाजिक तत्व द्वारा मूर्ति हटाने की संभावना से लोगों ने खोजबीन शुरू की। इस दौरान देर रात मंदिर से करीब सौ मीटर दूरी पर स्थित हसदेव नदी के किनारे साईं बाबा की मूर्ति कई टुकड़ों में टूटी हुई मिली। इससे लोगों में आक्रोश फैल गया। घटना की सूचना मिलते ही सिटी कोतवाली टीआई यदुमणी सिदार स्टाफ समेत वहां पहुंचे। उन्होंने मामले में जांच कर आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का आश्वासन देते हुए लोगों के आक्रोश को शांत कराया। खंडित मूर्ति को सुरक्षित रखवा दिया गया। पुलिस मामले में जांच-पड़ताल कर रही है।

साईं की खंडित मूर्ति।

1 साल पहले बना मंदिर

राताखारमें 1 साल पहले सावन में मंदिर बनाकर मूर्तियों की स्थापना की गई थी। तब से लगातार वहां पूजा-पाठ होता था। सोमवार को जहां भगवान शिव की पूजा होती तो गुरुवार को साईं बाबा की विशेष पूजा और भंडारा भी आयोजित होता था।

मातमजैसा लग रहा है

मीनामेनन ने बताया कि साईं बाबा की मूिर्त इस तरह टूटने के बाद अब बाबा का दरबार(मंदिर) सूना हो गया है। जिससे मोहल्ले मेंे मातम जैसा लग रहा है। उनके साथ कई परिवार के लोग बेहद दुखी हंै। कई घरों में खाना भी नहीं बना।

शिरडीसे आई थी मूर्ति

साईंबाबा की जिस मूर्ति को खंडित किया गया है। उसे शिरडी से 5 हजार रुपए में खरीदकर लाया गया था। जिसके बाद मंदिर रूपी खुला दरबार बनाकर वहां मूिर्त को विधिवत स्थ