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नशे में व्याख्याता, ग्रामीणों का हंगामा, डीईओ को बुलाया

6 वर्ष पहले
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डिलापहरीस्थित हायर सेकंडरी स्कूल में पढ़ाने वाले दो व्याख्याता पंचायत बुधवार को नशे में मिले। यह जानकारी मिलने के बाद ग्रामीण स्कूल पहुंचे और वहां हंगामा शुरू कर दिया। मामले में कार्रवाई के लिए डीईओ को मौके पर बुलाया गया। मामले की जांच की गई और रिपोर्ट जिला पंचायत को भेज दी गई है। बताया गया कि दोनों व्याख्याता पंचायतों की पहले भी इस तरह की शिकायत मिल चुकी है।

स्कूल के व्याख्याता पंचायत (शिक्षाकर्मी वर्ग-एक) एसके देवांगन और डीएस मेश्राम बुधवार की सुबह नौ बजे स्कूल पहुंचे। कुछ देर बाद दोनों स्कूल से चले गए। दोपहर करीब एक बजे वे स्कूल आए तो दोनों शराब के नशे में थे। कुछ देर बाद वे फिर गांव की ओर चल दिए थे। स्कूल परिसर में ही नवनिर्वाचित पंचायत पदाधिकारियों का शपथ ग्रहण चल रहा था। उन्हें इसकी जानकारी मिली तो सरपंच गोविंद नारायण अन्य पदाधिकारी स्कूल पहुंच गए। मौके पर दोनों शिक्षक नहीं थे। ग्रामीणों की पहुंचने की जानकारी होने पर देवांगन और मेश्राम भी स्कूल पहुंचे। नशे की हालत में उन्हें देखकर ग्रामीण आक्रोशित हो गए और हंगामा शुरू कर दिया। इसकी सूचना डीईओ को दी गई। वे भी मौके पर पहुंचे और मामले की जांच की।

ग्रामीणों के हंगामा करने के बाद मौके पर पहुंचे डीईओ ने आरोपी व्याख्याता को फटकार लगाकर रिपोर्ट बनाई।

^दोनों शिक्षक नशे में पाए गए हैं। जांच रिपोर्ट तैयार कर जिला पंचायत को भेज दिया गया है। जल्द ही इस मामले में कार्रवाई होगी। उनका डॉक्टरी मुलाहिजा भी कराया गया है। बीएलकुर्रे, डीईओ

शिक्षकों के खिलाफ शिकायतें

सरपंचगोविंद नारायण ने बताया कि पहले भी इस तरह की शिकायतें दोनों शिक्षकों के खिलाफ की जा चुकी है। कुछ माह पहले बिना किसी अनुमति के दोनों शिक्षक छात्राओं को पिकनिक पर ले गए थे। इस पर भी ग्रामीणों की आपत्ति थी। प्राचार्य वी बडोले मीटिंग के बाद यहां पहुंची। उन्होंने बताया कि ग्रामीणों की मौखिक शिकायत मिलती रहती थी। हालांकि उन्होंने भी इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी थी।

ग्रामीणों में भय का माहौल

ग्रामीणोंका कहना है कि नशे में शिक्षक रहते हैं तो उन्हें भी भय बना रहता है। यहां 12वीं तक की पढ़ाई होती है। गांव की छात्राएं यहां अपने आप को असुरक्षित महसूस करती हैं।