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फिल्मी प्लानिंग कर मल्टीप्लेक्स में चोरी करने वाले गिरफ्तार

6 वर्ष पहले
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वी-17 सीट बनी गिरफ्तारी का बड़ा सुराग

कृषिमंडी स्थित मल्टीप्लेक्स में हुई चोरी का मामला पुलिस ने सुलझा लिया है। इसमें पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया आरोपियों में से एक वीरसिंह निवासी ढीमर पारा मल्टीप्लेक्स में पहले ऑपरेटर का काम करता था। वीरसिंह ही इस वारदात का मास्टर माइंड हैं, जिसने चाेरी करने की प्लानिंग की और अपने साथ दो लोगों को शामिल भी कर लिया। खासबात आरोपियों ने मल्टीप्लेक्स से 1 लाख 17500 रुपए चोरी किए थे, इसमें से वे सिर्फ 5 सौ रुपए ही खर्च कर पाए। बाकी रुपयों को पुलिस ने बरामद कर लिया है। चोरी की प्लानिंग किसी फिल्मी स्टाइल से कम नहीं है।

पत्रकारों से चर्चा करते हुए एएसपी शशिमोहन सिंह ने बताया कि आरोपी वीरसिंह जब मल्टीप्लेक्स में काम करता था तो दराज की चाबी गुम हो गई थी। मैनेजर और अन्य स्टाफ के लोगों काफी खोजबीन की, लेकिन चाबी नहीं मिली जबकि वह वीरसिंह के पास थी। दो महीने बाद उसने नौकरी छाेड़ दी और चाबी उसी के पास थी। तब ही उसने मल्टीप्लेक्स में चोरी करने की योजना बनाई। मामले में पुलिस ने वीरसिंह के अलावा ढीमरपारा में रहने वाले नीरज यादव और राजा पटेल को गिरफ्तार कर लिया है।

तीनों ही आरोपिययों को गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया गया।

दराज का ताला भी टूटा नहीं था और चोरी हुई। क्योंकि स्पष्ट नहीं हो रहा था कि आरोपी मल्टीप्लेक्स में पहुंचा कैसे। मल्टीप्लेक्स बंद होने के पहले की पूरी फुटेज देखी गई। तभी देखा गया कि राजा ने टिकट ली, पर पिक्चर छूटने पर बाहर नहीं आया। क्योंकि वह पिक्चर देखने गया ही नहीं था। इसके बाद वीडियो की मदद से सभी लोगों की गिनती की गई, उसमें भी एक व्यक्ति कम निकला। जब मैनेजर ने बताया कि राजा ने सीट नंबर वी-17 की जगह मांगी थी। जांच में पता चला कि यह सीट सीसीटीवी कैमरे कवर ही नहीं कर पाता। इससे ही प्लानिंग का स्तर आंका जा सकता है।

चाबी थी, इसलिए हुई चोरी वारदात

मल्टीप्लेक्समें जहां रुपए रखे जाते थे, उस दराज की चाबी पूर्व आपरेटर वीरसिंह के पास थी। इसलिए उसने चोरी करने की प्लानिंग की। चोरी का समय भी रात का चुना गया। क्योंकि इस दौरान सीसीटीवी कैमरे बंद कर दिए जाते हैं, इसलिए वारदात को अंजाम देना आसान था। यह बात वीरसिंह बहुत अच्छी तरह से जानता था।

टिकट ली किसी ने और देखा कोई और

प्लानिंगका बड़ा हिस्सा फिल्म देखना था। आरोपियों के पास चाबी थी, रुपए निकालना आसान था। इस कारण 9 फरवरी को रात के आखिरी शो की टिकट आरोपी राजा लेने गया। खासबात पर पिक्चर उसने नहीं देखी। नीरज पिक्चर देखने गया और फिल्म समाप्त होने के बाद वह बाहर ही नहीं निकला। टॉकिज बंद हुई नीरज के दो साथी भी दीवार कूदकर अंदर गए।

^मामले में तीनों ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। रिपोर्ट और अाराेपियों के हिसाब से चोरी की रकम अलग-अलग है। उसे लेकर भी जानकारी ली जा रही है। आरोपियों के खिलाफ धारा 457, 380 के तहत कार्रवाई की गई है। शशिमोहनसिंह, एएसपी