शंकरनगर रोड चौड़ीकरण का रास्ता साफ मुआवजा नहीं एफएआर पर बनी सहमति
शंकरनगर छोटी रेल लाइन से टर्निंग प्वाइंट के बीच सड़क चौड़ीकरण की बाधा दूर हो गई है। इस पैच में आ रही प्राइवेट जमीन मालिकों को मुआवजा नहीं एफएआर दिया जाएगा। इसके लिए वे सहमत हो गए हैं।
जमीन मालिक अभी तक मुआवजे की मांग कर रहे थे। इसी वजह से जमीन के एक हिस्से का चौड़ीकरण अटका था। पीडब्ल्यूडी और जिला प्रशासन की बैठक में इस पर अंतिम मुहर लगा दी गई है। शंकर नगर में सड़क पीडब्लूडी बना रहा है। छोटी रेल लाइन से टर्निंग प्वाइंट के बीच प्राइवेट जमीन के कारण चौड़ीकर अटक गया था।
लोग जमीन के एवज में मुआवजा मांग रहे थे। प्रशासन इसके लिए मंजूर नहीं था। इसके लिए कई स्तर पर प्रयास किए गए। निजी भूस्वामियों को तीन बार नोटिस दिया गया। उन्हें यह भी बताया गया कि वे अपने प्लॉट का व्यवसायिक उपयोग कर रहे हैं, यह गलत है। उसके बाद लोग सहमत हुए।
अफसरों ने बताया कि रोड के साढ़े 7 सौ मीटर के इस पैच में करीब दो सौ मीटर सड़क की चौड़ाई तो बढ़ा दी गई, केवल 30 लोगों की निजी जमीन के मुआवजे और एफएआर का पेंच में अब तक मामला फंसा था।
आधे हिस्से का चौड़ीकरण
निजी जमीन नहीं मिलने से सड़क के कुछ हिस्से का ही चौड़ीकरण हो सका है। पीडब्ल्यूडी को जितनी जमीन मिली, उसी की चौड़ाई बढ़ी है। छोटी रेल लाइन के दूसरे हिस्से की जमीन शासकीय है, इस हिस्से के सरकारी निर्माण को तोड़कर रोड बना दी गई है। अब छोटी लाइन टर्निंग प्वाइंट तक अब सड़क को फोरलेन किया जाएगा। इसके साथ ही एआरपी चौक से शंकर नगर टर्निंग प्वाइंट तक का पूरा हिस्सा फोरलेन हो जाएगा।