पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • हॉस्टल बिल्डिंग में रहने से बच रहीं महिला डॉक्टर

हॉस्टल बिल्डिंग में रहने से बच रहीं महिला डॉक्टर

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
रायपुर| पीजीहोस्टल की कमी से जूझ रहा मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने पहले ही एक होस्टल बिल्डिंग में महिला पुरुष रेसीडेंट डॉक्टरों को रहने का फरमान जारी कर दिया है।

इसके विपरीत महिला डॉक्टर एक ही होस्टल में रहने से बच रही हैं। बुधवार को कॉलेज प्रबंधन ने महिला रेसीडेंट डॉक्टरों को एक अक्टूबर तक होस्टल में शिफ्ट होने का फरमान जारी किया है। एमसीआई ने पीजी होस्टल की कमी बताते हुए एमबीबीएस की 50 सीटों की मान्यता रोक दी थी।

ऐसे में दो माह पहले कॉलेज काउंसिल की बैठक में मेल फीमेल डॉक्टरों को एक ही होस्टल में रहने की अनुमति दे दी गई। भूतल पर मेल प्रथम तल पर महिला डॉक्टर रहेंगी। सीढ़ी में लोहे का गेट भी लगा दिया गया है। सीसीटीवी कैमरा भी लगा दिया गया है, लेकिन कोई महिला डॉक्टर वहां शिफ्ट होने के लिए बच रही हैं। हालांकि कॉलेज प्रबंधन का दावा था कि इस निर्णय के पहले महिला रेसीडेंट डॉक्टरों से चर्चा की गई थी और सभी ने रहने की अनुमति दी थी। जेडीए के अध्यक्ष डॉ. मुकेश ध्रुव ने भी इसकी पुष्टि की थी। इस संबंध में चीफ वार्डन डॉ. एएस दाऊ ने बताया कि सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरा सुरक्षा गार्ड की ड्यूटी लगा दी गई है। एक अक्टूबर से महिला रेसीडेंट डॉक्टरों को वहां शिफ्ट होने कहा गया है।