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राजधानी में 18 हजार कार्ड किए रद्द लेिकन नहीं रोका िकसी का राशन
विधानसभाचुनाव से पहले बनाए गए बीपीएल राशन कार्डों में से राजधानी और आसपास के 18 हजार कार्ड तीन माह पहले रद्द तो कर दिए, लेकिन किसी का राशन नहीं रोका। यही नहीं, गलत कार्डों को रद्द करने के मामले में भी प्रशासन बैकफुट पर गया है। जितने कार्ड रद्द हुए थे, सभी प्रभावित लोगों से आपत्ति मंगवाई गई थी। इनमें 17 हजार से ज्यादा लोगों ने कार्ड रद्द करने के फैसले पर आपत्ति दर्ज कर दी है। प्रशासन ने भी इनकी सुनवाई की रफ्तार धीमी कर दी है। तीन माह में अफसरों ने केवल ढाई हजार आपत्तियां ही सुनी हैं। इनमें से भी 1137 अर्थात आधे से कुछ कम लोगों को पात्र घोषित कर दिया गया है।
शहरी चुनाव को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने राशन कार्ड के मामले में नरम रुख अपना लिया है। रायपुर शहर और गांवों में 18 हजार से ज्यादा राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए थे। इनमें से 17 हजार लोगों ने राशन कार्ड पात्र करने के लिए आपत्ति दर्ज कराई। लोगों का गुस्सा कम करने के लिए दावा-आपत्ति की सुनवाई में राजधानी समेत हर जिले में बड़ी संख्या में राशन कार्ड पात्र कर दिए गए। रायपुर के आठ जोन में 5507 और गांवों के 11500 लोगों ने आपत्ति दर्ज कराई। तीन महीने में अफसर केवल 2543 आपत्तियों की ही सुनवाई कर पाए हैं। इनमें 1137 लोगों पात्र घोषित कर दिया गया। 255 ही अपात्र पाए गए। 191 लोग ऐसे भी हैं जो सुनवाई के दौरान मौजूद नहीं रहे। जिनके राशन कार्ड पात्र किए गए या जिनके अपात्र किए गए सभी कार्डों में अब तक राशन लगातार दिया जा रहा है।
आरंग, मंदिर हसौद में दोबारा जांच
फर्जीराशन कार्डों को निरस्त करने के लिए मंदिर हसौद और आरंग के सभी राशन कार्डों की दोबारा जांच की जाएगी। खाद्य अफसरों को शिकायत मिली है कि दूसरे राज्यों के कई लोगों ने इन जगहों पर राशन कार्ड बनवा लिए हैं। इन सभी लोगों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा पोषण अधिनियम 2012 और आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के तहत कार्रवाई होगी। ऐसे कार्डधारियों को पांच साल की जेल भी हो सकती है। सहायक खाद्य अधिकारी संजय दुबे ने बताया कि कार्डों की जांच का आदेश मंदिरहसौद के ग्राम पंचायत को भी दे दिया गया है। 2007 में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना लागू की गई थी तब मंदिर हसौद में गरीबी रेखा वाले 548 और 1807 सामान्य कार्डधारक थे।
जून 2013 में सभी सामान्य कार्डधारकों ने गलत जानकारी देकर 2141 नीला औ