खैरागढ़ / रायपुर। इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय के तीन दिनी खैरागढ़ महोत्सव में मंगलवार को विरह वेदना कथक के जरिए दिखाई गई। कथक नृत्य को पं. असीम बंधु भट्टाचार्य और उनकी टीम ने पेश किया। जयपुर और लखनऊ घराने की मिश्रित शैली में उन्होंने ये नृत्य प्रस्तुत किया। सजनवा सावन बीता जाए..के बोल पर कलाकारों ने विरह वेदना को दर्शाया। फिर महाभारत प्रसंग पर भी प्रस्तुति दी।
उद्देश्य: राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय कलाकारों के साथ विवि के विद्यार्थियों का मेलजोल बढ़ाना।