धमतरी. शिक्षा एवं कोषालय विभाग में सहायक ग्रेड-3 की भर्ती में काउंसिलिंग के पहले ही एक युवती समेत तीन आवेदकों की पोस्टिंग के आदेश जारी कर दिए गए। इनमें से एक जिले के कद्दावर नेता का दूर का रिश्तेदार है और बाकी दो अफसरों के बच्चे। मेरिट लिस्ट के नियम का भी पालन नहीं किया गया। जिला प्रशासन ने कलेक्टोरेट, शिक्षा विभाग में 117 पदों के लिए पिछले साल सितंबर से भर्ती शुरू की थी। इसमें आठ हजार से ज्यादा आवेदन आए। 21 सितंबर को पहली परीक्षा आयोजित की गई। इसमें प्रदर्शन के आधार पर मेरिट लिस्ट बनी। इसके बाद आवेदकों की कौशल परीक्षा ली गई।
दोनों परीक्षाओं के अंकों के आधार पर फाइनल मेरिट लिस्ट बनाई गई। इस सूची के आधार पर आवेदकों को 30 और 31 जनवरी को काउंसिलिंग के लिए बुलाया गया था। सबसे ज्यादा अंक पाने वाले आवेदकों के पास मनचाही जगह पर पोस्टिंग पाने का विकल्प था। पर अफसरों और नेताओं के बच्चों को लाभ देने के लिए परीक्षा आयोजन समिति ने तीन लोगों को 23 जनवरी को ही पोस्टिंग दे डाली। इनमें महासमुंद निवासी पुष्पेंद्र कुमार चंद्राकर पिता चंद्र पाल चंद्राकर, माना कैंप रायपुर में रहने वाले आनंद सिंह पुत्र देवेंद्र सिंह और बिलासपुर के ग्राम अमेरी में रहने वाली सरोज कोर्राम पिता एआर कोर्राम शामिल हैं।
स्लाइड्स में पढ़िए पूरी खबर...