रायपुर. रायपुर-जगदलपुर नेशनल हाईवे पर डूमरतराई में थोक बाजार ने आकार ले लिया है। रविवार को बाजार का उद्घाटन हो गया। धीरे-धीरे थोक बाजार का कारोबार वहां शिफ्ट होने लगेगा। दीवाली तक थोक का बड़ा मार्केट वहां शिफ्ट हो जाएगा। थोक बाजार की शिफ्टिंग के साथ शहर का ट्रैफिक सिस्टम सीधे प्रभावित होगा और लोगों को राहत मिलेगी। अभी लोहे से लेकर बर्तन और गल्ले का पूरा मार्केट शहर के बीचो बीच है। इस वजह से भारी वाहनों की शहर में एंट्री होती है, इसकी वजह से ट्रैफिक प्रभावित होता है।
थोक बाजार की शहर से लगभग 9 किलोमीटर दूर डूमरतराई में शिफ्टिंग होने से भारी वाहनों को राजधानी के भीतरी हिस्सों में प्रवेश की जरूरत नहीं पड़ेगी। इससे ट्रैफिक जाम नहीं होगा। डूमरतराई में थोक बाजार शिफ्ट करने कवायद करीब पांच साल पहले चालू की गई थी। कुछ कारोबारी शुरू में इसके विरोध में थे। बाद में प्रशासन ने शहर के हालात की जानकारी दी और व्यापारी संघों की अलग-अलग चरणों में बैठक ली। उसके पश्चात सात व्यापारी संघ इसके लिए सहमत हुए। प्रशासन द्वारा दुकानें बनाकर देने की शर्त पर कारोबारियों ने मंजूरी दी। इसके बाद से शिफ्टिंग को लेकर हलचल चालू हुई।
व्यापारी बेहिचक करें कारोबार :सीएम
बाजार का उद्घाटन करने दौरान मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने व्यापारियों को स्वस्थ व्यापारिक माहौल देने का आश्वासन देते हुए बिना हिचक व्यापार करने कहा। उन्होंने कहा कि शहर से दूर बाजार होने के कारण ट्रैफिक का दबाव नहीं रहेगा। उन्होंने बैंक, एटीएम, पुलिस चौकी और प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा जल्द उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सांसद रमेश बैस ने माता लक्ष्मी की पूजा के साथ कारोबार करने की अपील की है। लोक निर्माण मंत्री राजेश मूणत, कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल, महापौर किरणमयी नायक, विधायक श्रीचंद सुंदरानी, सत्यनारायण शर्मा, नंदकुमार साहू, चैंबर अध्यक्ष अमर पारवानी उपस्थित थे।
व्यापारियों को छूट पर भिड़े विधायक
कार्यक्रम के दौरान रायपुर ग्रामीण के विधायक सत्यनारायण शर्मा ने कहा कि व्यापारियों को इतनी दूर शिफ्ट करने के एवज में उन्हें टैक्स में कुछ छूट मिलनी चाहिए। ताकि वे यहां व्यापार करने के लिए प्रोत्साहित हों। उनके इतना कहते ही रायपुर उत्तर के विधायक श्रीचंद सुंदरानी ने विरोध करते हुए कहा कि यह संभव नहीं है। उन्होंने सीधे निशाना साधते हुए कहा कि केंद्र ने आपके मंत्री रहते हुए यह फैसला दिया था कि मेला या व्यापार स्थल पर किसी प्रकार का छूट नहीं दी जाएगी। भाषण समाप्त होने के बाद भी दोनों के बीच इसे लेकर काफी देकर तक बहस होती रही। दोनों विधायक एक दूसरे से सवाल-जवाब करते रहे। बाद में मामले को गंभीर होता देख वहां मौजूद बाकी लोगों ने दोनों को शांत कराया।
दीवाली तक होगी पूरी तरह से शिफ्टिंग
थोक बाजार व्यवस्थापन समिति के संयोजक जितेंद्र बरलोटा ने कहा कि यहां अभी कुछ सुविधाएं बाकी है। दूसरी तरफ कुछ व्यापारियों ने भी अब तक एनओसी नहीं ली है। इसके बावजूद शिफ्टिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। दीपावली तक पूरा कारोबार वहां शिफ्ट हो जाएगा। अगले कुछ दिनों तक हाउसिंग बोर्ड के अधिकारी यहां कैंप लगाएंगे। व्यापारी बकाया भुगतान कर एनओसी ले सकते हैं।
बाजार की स्थिति
- 6.03 हेक्टेयर में बसाया गया है बाजार।
- 185 दुकानें हैं पूरे मार्केट में।
- चार साल से बन रहा था मार्केट।
- 29 करोड़ आया खर्च।
- नगर निगम और हाउसिंग बोर्ड ने संयुक्त रूप से करवाया निर्माण।
ये बाजार जाएंगे
- राशन और गल्ले का पूरा मार्केट वहां होगा शिफ्ट।
- बर्तन का थोक और कुछ चिल्हर मार्केट भी चला जाएगा।
- मनिहारी का थोक कारोबार भी वहीं से संचालित होगा।
- फूट-वेयर, मसाले का धंधा शिफ्ट हो जाएगा।
- इलेक्ट्रानिक्स और इलेक्ट्रिक की दुकानें वहीं चली जाएंगी।