कॉलेज में प्राचार्य और छात्रों के बीच हुई बहस
शासकीय कॉलेज छुईखदान में मंगलवार दोपहर 3.30 बजे प्राचार्य व छात्रों के बीच जमकर बहस हुई। जानकारी के अनुसार कॉलेज के पूर्व पदाधिकारी व छात्र 9 फरवरी की दोपहर प्राचार्य डा. गंधेश्वरी सिंह को पूर्व में दी गई शिकायतों की जानकारी लेने पहुंचे, जिस पर प्राचार्य व छात्रों के बीच तीखी नोकझोंक हो गई।
छात्रों ने बताया कि प्राचार्य का हेडक्वाटर छुईखदान होने के बावजूद वे राजनांदगांव से रोज आना-जाना करती हैं। दोपहर 12 बजे पहुंचकर 3 से 3.30 के बीच वापस चली जाती हैं। कॉलेज में कम समय में मौजूद रहने के कारण कार्य प्रभावित हो रहा है। स्टाफ पर नियंत्रण नहीं है। अर्थशास्त्र के प्राध्यापक दो साल में 8-10 दिन ही कॉलेज आए व एक भी क्लास नहीं लिए। प्राचार्य ने कोई कार्रवाई नहीं की।
नहीं लेती क्लास: प्राचार्य को सप्ताह में तीन पीरियड पढ़ाना है, लेकिन प्राचार्य ने आज तक एक भी क्लास नहीं ली। बिना लिखित सूचना के प्रभारी बनाकर कॉलेज के कार्यों में समस्याएं उत्पन्न करती हैं। जानकारी के अनुसार वार्षिक परीक्षा में सीनियर सुपरिटेंडेंट रहती हैं परंतु पहली पाली व तृतीय पाली तक चली जाती हैं।
छुईखदान। विवादों में कॉलेज प्रबंधन।
छात्रों ने अपनी समस्या से उग्रता के साथ अवगत कराया, लेकिन बुधवार को उन्हीं छात्रों में मीटिंग में उपस्थित होकर उग्रता के लिए माफी भी मांगी। समस्याओं व शिकायतों का समाधान कराया जाएगा। डॉ. गंधेश्वरी सिंह, प्राचार्य, छुईखदान कॉलेज
पुरस्कार वितरण के दौरान कॉलेज में भी हुई बहस
कॉलेज में 29 जनवरी को आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान उपाध्यक्ष इमरान खान से उलझ पड़ी। इसके पूर्व भी इसी तरह की अन्य शिकायतें प्राचार्य के खिलाफ हो चुकी है।