स्वाइन फ्लू से...
स्वाइन फ्लू से...
ठंडऔर नमी के मौसम स्वाइन फ्लू के वायरस एन1एच1 सक्रिय हो जाते हैं और गुरुवार को हुई बारिश के कारण खतरा दो-तीन गुना बढ़ गया है। ऐसे में सावधानी बरतना बेहद जरूरी है। भारतमें स्वाइन फ्लू : इससाल 1 जनवरी से 10 फरवरी के बीच लगभग 5157 लोग स्वाइन फ्लू की चपेट में चुके हैं। लगभग 407 की मौत हो चुकी है। दिल्ली, गुजरात, राजस्थान, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, तमिननाडू और तेलंगाना सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। महाराष्ट्र, राजस्थान, गुजरात, मध्य प्रदेश में सबसे ज्यादा मौतें हुई हैं।
^इससाल अब तक प्रदेश में 15 मरीज : छत्तीसगढ़में इस साल स्वाइन का पहला मामला रायपुर में 30 जनवरी को सामने आया। रिटायर्ड कर्नल अब भी एमएमआई में भर्ती हैं। अभी तक 15 मरीजों की पुष्टि हो चुकी है। दो संदिग्ध महिलाओं की मौत हो चुकी है। प्रदेश में सबसे ज्यादा मौत 2009-10 में हुई थी। तब 35 लोग मारे गए थे। 150 से ज्यादा मरीज मिले थे।- डा.एस. एम. एम. मूर्ति ,महामारी नियंत्रणके प्रदेश नोडल अधिकारी
घरेलूनुस्खे : हल्केस्वाइन-फ्लू के लिए ज्यादा परेशान होने की जरुरत नहीं है। सावधानी बरतने पर ये संक्रमण अपने आप खत्म हो जाता है। दाल-चीनी और केसर वाली चाय पी सकते हैं। स्वाइन फ्लू के लक्षण वाले मरीजों को दूध में हल्दी मिलाकर पीना लाभदायक हो सकता है। इसके अलावा सामान्य वायरल बुखार होने पर भी मल्टीविटामिन दवाएं ली जा सकती है। स्वाइन फ्लू से बचने के लिए अदरक वाली चाय भी पीने की सलाह दी जाती है।
नानमें 28...
थीकि घटिया क्वालिटी के चावल में ओके का ठप्पा लगाने लगाकर नान के अफसर बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार कर रहे थे। एंटी करप्शन ब्यूरो और ईओडब्लू की टीम ने एक साथ छापे मारकर इस रैकेट का पर्दाफाश किया। जांच में पता चला कि अफसरों को राइस मिलर्स तथा गेहूं, चना और शक्कर सप्लायरों से घूस के रूप में तगड़ी रकम देते हैं। यह पैसा हर महीने मुख्यालय में जमा होकर अफसरों में बंटता था। छापे के दौरान मिली रकम के बारे में कहा जा रहा है कि भ्रष्टाचार के पैसे थे, जो बंटने से पहले ही पकड़े गए। हालांकि एडीजी मुकेश गुप्ता ने दावा किया कि कई गुना रकम बंट चुकी है। एडीजी गुप्ता ने गुरुवार की शाम छापे का खुलासा किया। अफसरों ने बताया कि नान का मैनेजर एसएस भट्ट इस खेल का सबसे माहिर खिलाड़ी है। नान एमडी के पीए गिरीश वर्मा से 20 लाख मिलना भी चौंकाने वाला है। अफसरों ने साफ किया कि नान में किसी भी तरह के कैश का कोई काम नहीं होता। ऐसी दशा में पूरा पैसा अवैध है। अफसरों से पूछताछ की जा रही है कि पैसा कहां से आया और किसका है? अफसरों ने साफ संकेत दिए है कि जिन अफसरों तक पैसे पहुंचने के सबूत मिलेंगे उनके खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तारी तक की कार्रवाई की जाएगी। फाइलोंमें नोटों के बंडल : नानमैनेजर भट्ट ने नोटों के बंडल फाइलों में छिपाकर रखे थे। उसके दराज में कुछ बंडल थे। ज्यादातर पैसे उसने फाइलों में छिपाकर रखे थे। फाइलों को इस तरह कवर्ड केबिनेट में रखा गया था कि किसी को पता चल सके। गिरीश शर्मा के बारे में बताया जा रहा है कि उसने एक थैले में पैसे रखे थे। वह पैसे लेकर ऑफिस से बाहर निकलने वाला था, उसी समय छापा पड़ा और अपनी कुर्सी से हिलने तक का मौका नहीं मिला। पूरास्टाफ गया छापे में : नानके दफ्तरों में छापे के लिए ईओडब्लू और एंटी करप्शन ब्यूरो के दफ्तरों में चाय पानी पिलाने की जिम्मेदारी निभाने वाले कर्मचारियों तक की मदद ली गई। दरअसल इतने बड़े छापे के लिए स्टाफ नहीं था। ऐसे हालात में कुछ पुलिस की मदद ली गई और बाकी कमी इस तरह पूरी की गई। खोजबीनचली 15 दिन : नानमें भ्रष्टाचार की भनक लगने के बाद ईओडब्लू और एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम पिछले 15 दिन से तहकीकात में लगी थी। इसी दौरान पता चला कि 10 तारीख तक पैसे इकट्ठे होते हैं, फिर बांटे जाते हैं। इस इनपुट के बाद छापे के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गईं। ऑपरेशन गुप्त रखा गया, केवल कुछ अफसरों को ही पूरी जानकारी थी। सरगुजा, रायगढ़, जगदलपुर और बिलासपुर में टीमों ने तीन दिन पहले ही कैंप कर लिया था।
मालिकमकबूजा...
देहारीको बर्खास्त किए जाने के साथ ही शासन ने राज्य निर्वाचन आयोग में नए सचिव की नियुक्ति कर दी है। जयश्री जैन को आयोग में सचिव बनाया गया है। जैन गुरुवार की ही एडिशनल कलेक्टर के पद पर पदोन्नत की गई है।
पुलोंकी ठेकेदारी...
औसतआय और रोजगार देने में भी कृषि की अहम भूमिका है। बढ़ती आबादी के कारण कृषि के क्षेत्र में लगातार चुनौतियां बढ़ती जा रही हैं। आधुनिक तकनीक के माध्यम से ही पैदावार को बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि किसान सिर्फ पैदावार की वृद्धि पर ही ध्यान नहीं दें बल्कि अनाज की गुणवक्ता पर भी ध्यान दें, क्योंकि खेती में रासायनिक खाद और कीटनाशक दवाओं का इस्तेमाल करने से खाद्य पदार्थ विषाक्त होते जा रहे हैं।
गाय का दूध भी शुद्ध नहीं मिल रहा है। इसलिए किसान रासायनिक तथा कीटनाशक दवाओं के प्रयोग से बचें और अधिक से अधिक औषधीय पौधों की खेती करें। कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह ने कहा कि बिहार के किसानों में पूरी दुनिया को भोजन उपलब्ध कराने की क्षमता है। मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के नेतृत्व में कृषि के क्षेत्र में प्रदेश लगातार प्रगति कर रहा है, जो कुछ लोगों को रास नहीं रहा है। मुख्यमंत्री की कुर्सी पर आसीन दलित के बेटा के साथ अन्याय किया जा रहा है। अन्याय करने वाले सामंती लोग हैं। इन लोगों को जनता सबक सिखाएगी। इस मौके पर कृषि उत्पादन आयुक्त विजय प्रकाश, कृषि मंत्रालय के अपर आयुक्त भीएन काले, कृषि निदेशक धर्मेन्द्र सिंह, उद्यान निदेशक अरविन्द सिंह, सीआईआई के अध्यक्ष एस पी सिन्हा, उपाध्यक्ष पीके सिन्हा, सौगात मुखर्जी आदि उपस्थित थे।