(शपथ लेते प्रशासनिक अफसर शिक्षाकर्मी।)
रायगढ़/ खरसिया। छत्तीसगढ शिक्षाकर्मी संघ द्वारा गुणवत्ता शिक्षा संकल्प समारोह एवं करियर मार्गदर्शन ‘‘राहे और मंजिले’’ का प्रसार कार्यक्रम का आयोजन सारंगढ के राजश्री स्कूल परिसर में रविवार को किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कलेक्टर जांजगीर चांपा ओमप्रकाश चौधरी, अध्यक्ष कलेक्टर रायगढ़ मुकेश बंसल विशिष्ट अतिथि शिक्षाकर्मी संघ के प्रांताध्यक्ष संजय शर्मा थे।
इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जांजगीर कलेक्टर चौधरी ने कहा कि शिक्षकों को यह सोचने की जरूरत है कि निजी स्कूलों को बेहतर और सरकारी स्कूलों को बेकार क्यों माना जाता है। जिस व्यक्ति के ज्यादा अंक होते हैं जो ज्यादा योग्य होता है वह सरकारी स्कूलों के लिए चयनित होता है जबकि जो इस सेवा के लिए चयनित नहीं होता वह निजी स्कूलों में अध्यापक बनता है। इसके बाद भी निजी स्कूलों को बेहतर क्यों माना जाता है।
यदि सरकारी स्कूलों के शिक्षक यह तय कर लें कि बच्चों का भविष्य बनाने वे लोग अपना नजरिया बदलेंगे तो पालकों का विश्वास भी सरकारी स्कूलों पर बढ़ेगा। रायगढ़ कलेक्टर मुकेश बंसल ने शिक्षकों विद्यार्थियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि बड़ी सेवाओं या किसी बड़े शिक्षण संस्थान में प्रवेश परीक्षा में सफल होना कोई बहुत दुर्लभ नहीं है।
थोड़ा फोकस होकर मेहनत करें तो आसान होता है। अपनी क्षमताओं को समझ कर तैयारी करें तो मंजिल आसानी से मिलेगी। उन्होंने शिक्षकों से कहा कि समाज में सबसे सम्मानित व्यक्ति शिक्षक होता है।
सभी लोगों को अपने बच्चों की चिंता होती है, एक मात्र शिक्षक ही है जिसे स्कूल के सभी बच्चे अपने लगते हैं और वह सभी का भविष्य बनाने के लिए मेहनत करता है। कार्यक्रम में सीईओ, बीईओ, सारंगढ, सीईओ बरमकेला, संघ के प्रांतीय सचिव मनोज, महासचिव बसंत चतुर्वेदी, जिलाध्यक्ष संतोष सिंह जांजगीर चांपा सत्येन्द्र सिंह जिलाध्यक्ष रायगढ समेत बड़ी संख्या में शिक्षक पंचायत और विद्यार्थी उपस्थित रहे।