मीडिया और एक्टिंग कोर्स के लिए एंट्रेंस एग्जाम
जामिया मिलिया इस्लामिया के एजेके मास कम्युनिकेशन रिसर्च सेंटर के मीडिया, कम्युनिकेशन और एक्टिंग के पोस्ट ग्रेजुएट और डिप्लोमा कोर्सेस के लिए एंट्रेंस एग्जाम मई महीने की अलग-अलग तारीखों को होंगे।
कम्पीटिशन
170 २क् हजार
सीटें आवेदक
एमए मास कम्युनिकेशन में ५क् और बाकी सभी कोर्सेस में 2क्-२क् सीटें हैं।
एलिजिबिलिटी
मास कम्युनिकेशन, कन्वर्जेट जर्नलिज्म और डेवलपमेंट कम्युनिकेशन के पीजी कोर्सेस एवं स्टिल फोटोग्राफी एंड विजुअल कम्युनिकेशन और एक्टिंग के पीजी डिप्लोमा कोर्सेस के लिए 50% अंकों के साथ ग्रेजुएशन की डिग्री। एमए इन विजुअल इफेक्ट्स एंड एनिमेशन के लिए ग्रेजुएशन के साथ विंडोज और अडोब का ज्ञान जरूरी जबकि ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी कोर्स के लिए फिजिक्स/इलेक्ट्रोनिक्स अथवा इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन की डिग्री।
रिजल्ट: जून 2013
फीस : मास कम्युनिकेशन में एमए कोर्स की फीस करीब १.३५ लाख रु., कन्वर्जेट जर्नलिज्म की करीब १.३क् लाख रु., पीजी डिप्लोमा इन एक्टिंग की करीब ५५ हजार रु. और पीजी डिप्लोमा इन ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी की करीब ७७ हजार रु. है। वहीं नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा में एक्टिंग कोर्स की कुल फीस करीब ३क् हजार रु. है। वहीं माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय में जर्नलिज्म के एमए कोर्स की फीस करीब ३४ हजार रु. है।
एंट्रेंस एग्जाम की तिथि
एमए कन्वर्जेट जर्नलिज्म : १८ मई
एमए मास कम्युनिकेशन : १९ मई
एमए डेव.कम्युनिकेशन : २५ मई
एमए विजुअल इफेक्ट्स एंड एनिमेशन : २६ मई
पीजी डिप्लोमा इन स्टिल फोटोग्राफी एंड विजुअल कम्युनिकेशन : २७ मई
पीजी डिप्लोमा इन ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी : २८ मई
पीजी डिप्लोमा इन एक्टिंग : २९ मई
एग्जाम पैटर्न
पीजी डिप्लोमा इन ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी के लिए 170 अंकों की परीक्षा होगी जबकि इंटरव्यू ३क् अंकों का होगा। बाकी सभी कोर्स के लिए प्रवेश परीक्षा २क्क् अंकों की होगी जबकि इंटरव्यू ४५ अंक और पोर्टफोलियो का वेटेज ५५ अंकों का होगा। परीक्षा में दो पेपर होंगे। पहले पेपर में मल्टीपल चॉइस वाले १क्क् प्रश्न होंगे जबकि १क्क् अंकों का दूसरा पेपर डिस्क्रिप्टिव होगा।
नॉलेज
अलीगढ़ में हुई थी जामिया की शुरुआत
जामिया मिलिया इस्लामिया की शुरुआत 1920 में मुस्लिम बुद्धिजीवियों द्वारा उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में नेशनल मुस्लिम यूनिवर्सिटी के रूप में की गई थी। स्वतंत्रता संग्राम के दौरान १९२४ में खिलाफत आंदोलन समाप्त होने के बाद इसके अस्तित्व पर खतरा पैदा हो गया। फिर १९२५ में इसे दिल्ली स्थानांतरित किया गया। १९६२ में यूजीसी ने इसे डीम्ड यूनिवर्सिटी और १९८८ में सेंट्रल यूनिवर्सिटी का दर्जा दिया।
रोचक
प्रसिद्ध फिल्मों के अनसुने तथ्य
-मॉन्सटर्स इंक में बू को आवाज देने वाली मैरी गिब्स उस समय इतनी छोटी थीं कि बोल भी नहीं सकती थीं। प्रोडक्शन टीम को इस बच्ची को एक जैसे बैठाए रखने, माइक का प्लेसमेंट संभालने और उनसे डायलॉग बुलवाने में बेहद परेशानी होती थी।
-अल्फ्रेड हिचकॉक की फिल्म द बर्डस में अंत में द एंड भी लिखा नहीं आता। वे चाहते थे कि दर्शकों में फिल्म के खत्म होने के बाद भी पक्षियों का खौफ बना रहे।
- फिल्म ‘300’ में करीब 1500 कट हैं जिनमें से 1300 में विजुअल इफेक्ट हैं।
भास्कर एक्सपर्ट पैनल
प्रो. एम ओमेद सिद्दीकी
डायरेक्टर, एजे किदवई मास कम्युनिकेशन रिसर्च सेंटर
एजेके एमसीआरसी में उन्हीं छात्रों को प्रवेश मिल पाता है, जिनका नॉलेज बैंक और राइटिंग स्किल अच्छा हो। छात्रों को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय राजनीति और व्यक्तित्वों की जानकारी होनी चाहिए। इसके अलावा सामान्य ज्ञान, फिल्म, टेलीविजन और मीडिया के अन्य स्रोतों के बारे में भी अच्छा ज्ञान होना चाहिए। इंटरव्यू 10-20 मिनट का होता है। इसके अलावा 55 अंकों का पोर्टफोलियो होता है, जिसमें छात्र द्वारा मीडिया क्षेत्र में किए गए कार्य, लेख, डॉक्यूमेंट्री फिल्म, इंटर्नशिप, डिबेट, पेंटिंग, म्यूजिक, थिएटर या ऑडियो-विजुअल वर्क के आधार पर अंक दिए जाते हैं। फिल्म स्टार शाहरुख खान और पत्रकार बरखा दत्त ने भी यहां से पढ़ाई की है।