पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Now Become Engineers Are Become As A Teachers In Chhattisgarh

NEW START : छत्तीसगढ़ में अब इंजीनियर भी बन सकेंगे शिक्षक

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक

रायपुर। स्कूलों में विज्ञान और गठित पढ़ाने के लिए अब ग्रेजुएट इंजीनियरों को भी मौका मिलेगा। अब तक इसके लिए सिर्फ इन विषयों के स्नातक या फिर परा स्नातक डिग्री हासिल करने को ही पात्रता थी। लेकिन राज्य सरकार ने स्कूलों में विज्ञान और गणित के शिक्षकों की कमी को देखते हुए इन पदों को ग्रेजुएट इंजीनियरों से भी भरने का फैसला लिया है। इसके लिए भर्ती नियमों में बदलाव किया जाएगा।
स्कूल शिक्षा विभाग ने फिलहाल इसके लिए अभी जो प्लान तैयार किया है, उसमें शिक्षक के पदों पर भर्ती होने के बाद इंजीनियरों को एक ब्रिज कोर्स भी करना होगा। इसकी अवधि अभी तय नहीं की गई है। मंत्रालय में सोमवार को मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई स्कूल शिक्षा विभाग की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। बता दें कि प्रदेश के स्कूलों में मौजूदा समय में गणित और विज्ञान विषय के करीब तीन हजार पद खाली हैं।
माना जा रहा है कि अब इन पदों पर जल्द ही भर्ती की प्रक्रिया शुरू होगी। स्कूल शिक्षा विभाग ने बगैर ट्रेनिंग के स्कूलों में पढ़ा रहे शिक्षकों को जल्द से जल्द ट्रेनिंग पूरी करने को कहा है। इसके लिए दो साल की समयसीमा भी तय कर दी है। साथ ही कहा है कि इस समय सीमा के बाद भी यदि अप्रशिक्षित शिक्षकों ने ट्रेनिंग नहीं ली, तो उन्हें प्रमोशन भी नहीं दिया जाएगा। प्रदेश के स्कूलों में मौजूदा समय में 45 हजार अप्रशिक्षित शिक्षक हैं।

प्रदेश के स्कूलों में अब आईएएस भी पढ़ाएंगे। फिलहाल उनकी क्लास अभी रायपुर में नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के बच्चों के लिए शुरू किए गए प्रयास विद्यालयों में लगेगी। वहां वे हफ्ते में कम से कम एक पीरियड लेंगे। सीएस से लेकर सेक्रेटरी तक, सभी बतौर अतिथि शिक्षक यहां क्लास लेंगे।