गैजेट डेस्क। आज के जमाने में एंड्रॉइड शब्द काफी मायने रखता है। ज्यादातर स्मार्टफोन अपने ब्रांड के नाम से ज्यादा एंड्रॉइड फोन के नाम से जाने जाते हैं। 2007 से पहले एंड्रॉइड जैसा कोई भी विकल्प फोन के लिए मौजूद नहीं था। सिंबियन और जावा फोन के अलावा
ब्लैकबेरी और ios ऑपरेटिंग सिस्टम ही फोन में दिखते थे। उस जमाने में ios की लोकप्रियता सबसे ज्यादा हुआ करती थी। 2007 से लेकर 2014 तक महज 7 सालों में एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम ने 80 प्रतिशत मार्केट में कब्जा कर लिया (Businessinsider की रिपोर्ट के अनुसार)।
एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम वाले फोन आजकल काफी लोकप्रिय हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस ऑपरेटिंग सिस्टम का वजूद कहां से आया? आखिर कैसे एंड्रॉइड ने मार्केट में अपने पैर जमाए? किसने रखी एंड्रॉइड की नींव? कौन सा था एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम वाला पहला फोन? कैसे पड़ा एंड्रॉइड का नाम मिठाइयों के नाम पर?
Dainikbhaskar.com आज आपको अपनी 'गैजेट का इतिहास' सीरीज के तहत बताने जा रहा है एंड्रॉइड ऑपरेटिंग सिस्टम की कहानी।
ऊपर दिए गए सभी सवालों के जवाब पाने के लिए क्लिक कीजिए आगे की स्लाइड्स पर-