भिवानी। चंद पैसों आैर स्मार्ट फोन के लिए पागल नई पीढ़ी अपने रिश्ते भी भुलाने लगी है। इसका उदाहरण खानक निवासी अजीत के बेटे अमरजीत ने दिया है, जिसने
मोबाइल और एलईडी के लिए मां और बहन की हत्या कर दी।
यहां तक कि उसने अपनी मां और बहन को ठिकाने लगाने के बाद बहन का गुल्लक फोड़ा और उसमें रखे रुपयों से वह एक
स्मार्टफोन और एक एलईडी खरीद लाया। इतनी बड़ी वारदात को अंजाम देने के बाद भी अमरजीत के चेहरे पर कहीं मलाल नहीं दिख रहा था।
पुलिस के हाथ आए अमरजीत ने बताया कि उसकी मां और बहन उसे असमय घर से बाहर जाने पर भी रोक लगा रही थी। वे उसे उसकी जेब खर्ची का पैसा भी नहीं दे रही थी। अमरजीत की मानें तो उनका यह सिलसिला पिछले कई दिनों से चल रहा था। उसका पिता राजस्थान में दुकान संभाल रहा था तो वह शर्म के कारण पिता के सामने अपनी डिमांड नहीं रख सका।
उसने बताया कि शनिवार सुबह ही उसने अपनी मां से मोबाइल और एलईडी खरीदने के लिए पैसे मांगे थे। मगर उसकी मां ने इसके लिए मना कर दिया। इसके बाद शाम उसकी मां गांव में गई हुई थी। उस दौरान उसने अपनी बहन पूजा से उसका गुल्लक तोड़कर पैसे देने की बात कही। मगर उसकी बहन ने इसके लिए मना कर दिया।
इस पर उसने एक रस्सी से अपनी बहन पूजा का गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद उसने बहन के शव को छिपाने के लिए पशुओं के ठाण में गड्ढा खोदना शुरू कर दिया। इसी दौरान उसकी मां सुनीता वहां गई। उसने अपनी मां को बातों में उलझा लिया और उसी रस्सी से मां की गला दबाकर हत्या कर दी
12वीं के बाद कंप्यूटर कोर्स कर रहा था आरोपी
पुलिस के अनुसार मां और बहन का हत्यारोपी अमरजीत 12वीं पास करने के बाद इस समय कंप्यूटर का कोर्स कर रहा था। उसकी बहन पूजा तोशाम के एक निजी स्कूल की 11वीं कक्षा की छात्रा थी। इसके अलावा अमरजीत का छोटा भाई पवनजीत हिसार गुरुकुल में पढ़ रहा है। अपने परिवार के पालन पोषण के लिए अजीत की राजस्थान के बगड़ में कंप्रेशर की दुकान है। इस मामले में थाना प्रभारी नरेंद्रपाल ने बताया कि इस डबल मर्डर के आरोपी युवक ने पुलिस के सामने पूरा खुलासा कर दिया है। पुलिस उसे मंगलवार को अदालत में पेश करेगी।
पिता से बोला, मां के सिर में दर्द, नहीं कर सकती बात
अमरजीतकी माने तो उसी रात उसकी मां के मोबाइल पर उसके पिता का फोन आया। इस पर उसने अपने पिता से झूठ बोलते हुए कहा कि उसकी मां का सिर दुख रहा है इसलिए वह बात नहीं कर सकती। उसने बताया कि इसके बाद रविवार सुबह फिर उसके पिता का फोन आया तो उसने बताया कि उसकी मां पहाड़ पर कपड़े धोने गई है। इसके बाद रविवार दोपहर दो बजे उसके पिता का फिर फोन आया तो उसने कहा कि उसकी मां अभी तक पहाड़ से वापस नहीं आई है। इस बात को ध्यान में रखते हुए अजीत उसी समय किसी अनहोनी के डर से राजस्थान के बगड़ से खानक के लिए चल पड़ा।
रविवार शाम ही घर पहुंचे अजीत को जब अपनी पत्नी और बेटी दिखाई नहीं दी तो उसने अपने रिश्तेदारों के पास फोन उनके बारे में पूछताछ शुरू की। मगर जब उसे इस बारे में कहीं सुराग नहीं मिला तो उसने पुलिस को सूचना दी।
इसी दौरान सोमवार सुबह उसे अपने बेटे अमरजीत के गले पर खरोंच के निशान दिखे। इस पर उसने उससे पूछताछ करनी शुरू की तो वह बयानों से पलटने लगा। मगर कुछ देर बाद उसने सब कुछ उगल दिया।
उसने बताया कि जब उसने अपनी बहन और मां की हत्या की तो उन्होंने विरोध किया था। इसीलिए उनके नाखूनों से खरोंचने के निशान उसके गले पर पड़ गए। इस बात को ध्यान में रखते हुए अजीत ने यह जानकारी तोशाम पुलिस को दी। इस पर पुलिस ड्यूटी मजिस्ट्रेट तहसीलदार संजय बिश्नोई को साथ लेकर मौके पर पहुंची।
तोशाम। पुलिस की गिरफ्त में खानक में मां बेटी की हत्या करने का आरोपी अमरजीत।