पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • छात्रों को बताया प्राथमिक उपचार का महत्व

छात्रों को बताया प्राथमिक उपचार का महत्व

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
सड़कदुर्घटना, हृदय आघात, लकवा, भूकंप, भवन दहन जैसी आपदा में घायल लोगों की जान को बचाया जा सकता है। इन अापदाओं में बहुत से लोगों की मौत प्राथमिक उपचार के अभाव में हो जाती है। अगर इन घायलों को अस्पताल पहुंचने से पहले प्राथमिक उपचार दे दिया जाए, तो उनकी जान को बचाया जा सकता है। प्रत्येक व्यक्ति को प्राथमिक उपचार के बारे में जानकारी होनी चाहिए। यह कहना था प्राथमिक उपचार के प्रवक्ता रवि कुमार मनचंदा का। वे ओल्ड फरीदाबाद स्थित राजकीय बाल वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में जूनियर रेडक्राॅस इकाई सेंट जाॅन एंबुलेंस ब्रिगेड ने एनएसएस इकाइयों के सहयोग से विश्व प्राथमिक चिकित्सा दिवस का आयोजन किया। इसकी अध्यक्षता स्कूल के प्राचार्य संदेश सोलंकी ने की। इस अवसर पर मुख्यातिथि रेडक्राॅस सोसायटी के सचिव डीआर शर्मा सहसचिव बीबी कथूरिया ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय फेडरेशन आॅफ रेडक्राॅस एंड रेडक्रेसेंट सोसायटीज ने 2000 में पहली बार विश्व आॅफ प्राथमिक चिकित्सा दिवस की शुरुआत की। दुनिया भर में रेडक्राॅस की इकाइयां लोगों, छात्रों एवं फैक्ट्री कर्मचारियों को प्राथमिक चिकित्सा द्वारा घायलों की जीवन रक्षा का प्रशिक्षण देती है। बेहोशी, रक्त बहने, दिल का दौरा, लकवा एवं विष के उपचार आदि जटिल स्थिति में भी मरीज प्राथमिक उपचार द्वारा उसकी जीवन रक्षा कर जान-जाने का जोखिम कम करने का प्रशिक्षण दिया जाता है।

प्राचार्य सोलंकी ने कहा कि आज बढ़ती सड़क दुर्घटनाअों के कारण मरीजों घायलों को तुरंत प्राथमिक उपचार जल्द से जल्द ट्रांसपोर्टेशन द्वारा सहायता उपलब्ध कराना जरूरी है। इस प्रकार से मानवता की सेवा का बेहतरीन नमूना प्रस्तुत किया जा सकता है। इस मौके पर रूप किशोर, सुशील कुमार, डाॅ. बिजेंद्र सिंह, डाॅ. बीएस कसाना, उदयवीर सिंह, राजेश गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।