- Hindi News
- एक हजार हस्त शिल्पकारों की भागीदारी की उम्मीद
एक हजार हस्त शिल्पकारों की भागीदारी की उम्मीद
सूरजकुंडमेला 2015 नए कलेवर में होगा। इस बार रिकॉर्ड तोड़ हस्त शिल्पकारों की भागीदारी की संभावना है। मेले के रकबे में बढ़ोतरी की गुंजाइश है। जहां पर्यटकों की चहल-कदमी कम होती है। वहां ऑफिस आदि के कार्य किए जा सकते हैं। मेले की वेबसाइट को निरंतर अपडेट रखा जाएगा। जिससे घर बैठे पर्यटक भी जानकारी हासिल कर सकेंगे। स्टेट वाइज शिल्पकारों को बैठाया जाएगा। इससे सभी राज्यों की हस्तशिल्प संस्कृति से पर्यटक जान सकेंगे। कई सालों से एक साथ विभिन्न राज्यों के शिल्पकारों को बैठाने की बजाए अलग-अलग जगह मुहैया कराने की बात कही जा रही थी। लेकिन यह सिरे नहीं चढ़ सका था। इसे ध्यान में रखकर अब विभिन्न राज्यों के लिए एक निश्चित स्थान तय कर दिया जाएगा।
बढ़सकता है रकबा : मेलेका रकबा बढ़ा दिया गया है। पिछले साल दिल्ली की तरफ से 2 एकड़ बढ़ा दिया था। अभी करीब मेला 40 एकड़ में लगता है। इसमें एक से दो एकड़ बढ़ोतरी हो सकती है। दिल्ली गेट की तरफ बढ़ाने की कवायद होगी। इसके लिए अभी अधिकारियों की बैठक होगी। इससे अधिक संख्या में शिल्पकारों को भागीदारी करने का मौका मिलेगा।
सांस्कृतिककार्यक्रम में होगा बदलाव: चौपालनाट्यशाला में आयोजित होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम को भी नए कलेवर देने की तैयारी है। शेषपेज 15 पर
इससाल सभी नौ केंद्रों से कलाकार बुलाए गए थे। देश के विभिन्न सांस्कृतिक जोन से कलाकारों को बुलाने की तैयारी है। कई सालों से जिस कार्यक्रम का रिपिटेशन हो रहा है। उसके बदले में अन्य कार्यक्रम को जोड़ा जाएगा। नाट्यशाला के कार्यक्रम और मनोरंजक बनाए जाने की तैयारी है।
मंत्री रखेंगे पैनी नजर
प्रदेशके पर्यटन मंत्री राम विलास शर्मा तैयारियों पर पैनी नजर रखेंगे। पहली बार भाजपा शासन काल में मेले का आयोजन हो रहा है। यहां 20 से अधिक देश और भारत के प्रत्येक राज्य के शिल्पकार आते हैं। भारत की ग्रामीण शहरी प्रवेश की संस्कृति देखने का बेहतरीन मौका मिलता है। पर्यटन मंत्री ने इस मेले का उद्घाटन देश के प्रधानमंत्री से कराने की इच्छा जाहिर की है। इसे ध्यान में रखकर विभाग मेले की तैयारियों में किसी तरह की कोई कमी नहीं छोड़ना चाहता है।
फरीदाबाद. सूरजकुंड मेला की तैयारियां जोरों पर।