पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • चारों तरफ शोर और लोक कला की गूंज, शिल्पकारों के खिल उठे चेहरे

चारों तरफ शोर और लोक कला की गूंज, शिल्पकारों के खिल उठे चेहरे

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
कलिका डांस ने सभी काे नचाया

मयूर नृत्य ने किया मंत्रमुग्ध

चीन ने सजाई सूरजकुंड में अपनी स्टॉल : आखिरकारकंट्री पार्टनर पड़ोसी मुल्क चीन ने 30वें अंतर्राष्ट्रीय सूरजकुंड मेले में अपनी स्टॉल सजा ही ली। सूरजकुंड मेला परिसर में एफसी-29 स्टॉल में चीन के विषय में तमाम प्रकार की जानकारियां उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसमें प्रमुख रूप से चीन के पर्यटन स्थल सम्मिलित हैं। वहीं, चीन की स्टॉल की स्थापना के साथ ही यहां लोगों का जमावड़ा लगना शुरू हो गया। बड़ी संख्या में लोग चीन की स्टॉल का रुख कर रहे हैं।

निशुल्कबुकलेट पोस्टर सामग्री उपलब्ध : चीनीस्टॉल पर आगंतुकों के लिए नि:शुल्क बुकलेट पोस्टर सामग्री भी उपलब्ध कराई जा रही है। चीन के विषय में जानने के इच्छुक लोगों को इस सामग्री का वितरण किया जा रहा है। चीन की स्टॉल के माध्यम से लोगों को चीन का भ्रमण करने के लिए प्रोत्साहित किया।

म्यूजिक चेयर प्रतियोगिता आयोजित : छोटीचौपाल पर महिलाओं के लिए म्यूजिकल चेयर स्पर्धा का आयोजन हुआ। इसमें महिलाओं ने बड़ी संख्या में हिस्सा लिया। खादी ग्रामोद्योग के तत्वावधान में आयोजित इस स्पर्धा में कल्पना जैन विजेता जबकि उपविजेता का खिताब अर्चना पांडेय को मिला। विजेताओं को एंकर जयभगवान कंबोज तथा शशि वर्मा ने पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया।

जनहितकारीयोजना की दी जानकारी

छोटीचौपाल पर कलाकारों ने दर्शकों को सरकार की जनहितकारी योजनाओं की भी जानकारी दी। देना बैंक के संयोजन में कलाकारों ने नुक्कड़ नाटिका की प्रस्तुति दी। उन्होंने बैंक के माध्यम से स्वरोजगार स्थापना के लिए दी जाने वाली ऋण सुविधा आदि की भी जानकारी दी।

मुख्य छोटी चौपाल पर जमा रंग : मुख्यछोटी चौपाल पर कलाकारों ने रंग जमाया। चौपाल जादू, नृत्य सामाजिक संंदेश स्पर्धाओं का संगम बना। सबसे पहले तेलंगाना से आए कलाकारों ने बोनालू काेलाटम की प्रस्तुति दी। इसे देख दर्शकों के भी पांव थिरक उठे। बोनालू नृत्य की मधुर प्रस्तुति से आगाज किया। तेलंगाना में मच्छरों के प्रकोप से निजात पाने के लिए मां काली की आराधना की जाती है। इसके तहत आषाढ़ माह में बोनालू नृत्य के माध्यम से दुर्गा शांति के लिए स्तुति की जाती है। ताशा और गूगा कलाकारों ने अपने साथी कलाकारों के साथ मिलकर बोनालू की जानदार प्रस्तुति दी। तेलंगाना के समा ब्रूनम ने अपने साथियों के साथ हर खुशी के अवसर पर किए जाने वाले कोलाटम नृत्य की भी शानदार प्रस्तुति दी। कोमा महोत्सव के दौरान इस मशहूर लोक नृत्य की विशेष तौर पर प्रस्तुति दी जाती है।

मेला स्थित मुख्य चौपाल पर मथुरा-वृंदावन से आए कलाकारों ने मयूर नृत्य प्रस्तुत कर सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

मेला स्थित चौपाल पर कार्यक्रम प्रस्तुत करते रशिया से आए क्रिस्टल ग्रुप के कलाकारों ने उत्सवों, त्यौहारों और होली-डे पर किए जाने वाले कलिका डांस की प्रस्तुति से लोगों का मन मोह लिया।

अभी तक 9 लाख से अधिक पर्यटकों ने उठाया मेले का लुत्फ

मेले में लोगों ने जमकर की खरीदारी

शनिवार को 1.50 लाख पर्यटकों ने किया भ्रमण

अंतरराष्ट्रीय सूरजकुंड मेले में शनिवार को जनसैलाब उमड़ा। मेला प्राधिकरण के अनुसार शाम तक करीब 1 लाख 50 हजार पर्यटकों ने मेले का लुत्फ उठाया। अभी तक 13 दिन में 9 लाख से अधिक पर्यटकों ने मेले का लुत्फ उठाया है। वहीं, मेला स्थल के चारों तरफ घंटों जाम लगा रहा। मेले में चारों तरफ शोर लोक कला की गूंज थी। मेला परिसर स्थित सभी पांचों जोन में गीत-संगीत की व्यवस्था की गई थी। इसका मकसद एक जगह भीड़ इकट्‌ठा नहीं होने देना था। फरीदाबाद रोड सुबह 10.30 बजे से जाम हो गई थी। जिसकी वजह से देर शाम तक लोगों को परेशान रहना पड़ा। वहीं, सेक्टर-21बी से मेला देखने जा रहे आदित्य ने बताया कि जाम होने के कारण घर लौटना पड़ रहा है। मेले में जमकर खरीदारी हुई। इससे शिल्पकारों के चेहरे खिल उठे। करीब 10 से 12 करोड़ रुपए की बिक्री का अनुमान लगाया जा रहा है। इस तरह की भीड़ रविवार सोमवार को भी उमड़ने की उम्मीद है। इसकी तैयारी के मद्देनजर शिल्पकारों ने सामानों की नई खेप मंगाई है।

खबरें और भी हैं...