फरीदाबाद। हरियाणा में सत्ता परिवर्तन के बाद भी कुछ निजी स्कूलों में जारी कथित लूटखसोट व मनमानी के खिलाफ अभिभावक एकता मंच नए शिक्षा सत्र से पहले एक निर्णायक आंदोलन शुरू करेगा। इस संबंध में 22 फरवरी को अभिभावकों की महापंचायत हो रही है। इसमें सभी निजी स्कूलों की पैरेंट्स एसोसिएशन भाग लेंगी।
यह निर्णय रविवार को सेक्टर-17 स्थित कम्युनिटी सेंटर में आयोजित मंच की जिला कमेटी की बैठक में लिया गया। रविवार को आयोजित बैठक में एपीजे, मानव रचना, मॉडर्न, टैगोर एकेडमी, एमवीएन सेक्टर-17, एमवीएन अरावली हिल्स, डीपीएस, विद्या मंदिर, रेयान इंटरनेशनल स्कूल, सेंट जोन्स, सेंट थॉमस स्कूलों की पैरेंट्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया।
इसमें निर्णय लिया गया कि सीबीएसई द्वारा फरीदाबाद के चार नामीगिरामी स्कूलों के आय-व्यय व अन्य मनमानियों की जो जांच की जा रही है। इसमें अन्य स्कूलों को भी शामिल किया जाएगा। उनके खातों की भी जांच सीबीएसई से कराई जाए। इसके लिए चेयरमैन सीबीएसई को पत्र लिखकर इन स्कूलों द्वारा की जा रही मनमानियों की जानकारी प्रदान की जाए।
मीटिंग में हुडा प्रशासक से मिलकर गत दिनों पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट द्वारा हुडा नियमों का पालन स्कूलों से कराने के संबंध में जो निर्णय दिया गया है। उसका पालन फरीदाबाद में भी कराया जाए व हुडा प्रशासक को पत्र लिखकर निजी स्कूलों द्वारा किए जा रहे हुडा नियमों की जांच कराई जाएं। इन स्कूलों में किए गए अवैध निर्माणों पर भी उचित कार्रवाई कराई जाए।
बैठक में अभिभावकों ने मंच को आश्वासन दिया कि वे महापंचायत को सफल बनाने के लिए पूरा साथ देंगे।
मंच ने इस बैठक के माध्यम से जिले के सांसद व सभी विधायकों से कहा कि वह निजी स्कूलों द्वारा किए जा रहे शिक्षा के व्यवसायीकरण पर अपना नजरिया सार्वजनिक रूप से प्रकट करें। जिससे पता चल सके कि उनका समर्थन गरीब व मध्य अभिभावकों के साथ है या स्कूल प्रबंधकों के साथ।
बैठक में जिलाध्यक्ष एडवोकेट शिवकुमार जोशी, सचिव मनोज शर्मा के साथ-साथ मंच के प्रदेशाध्यक्ष एडवोकेट ओपी शर्मा, प्रदेश महासचिव कैलाश शर्मा, प्रदेश संरक्षक सुभाष लांबा, वेदप्रकाश, तेजेन्द्र खन्ना, अनुज शर्मा, राजेन्द्र सिंह, रोहित जैन, नरेश कुमार, संजीव खरबंदा, सुमित भट्ट, गिरीश मिश्रा समेत अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।
(फोटो- सामुदाियक केंद्र में आयोजित बैठक में भाग लेते अभिभावक।)