फरीदाबाद। जिले में पेपरलेस हो चुके हुडा के कामकाज को समझने और यहां कार्यप्रणाली को सीखने के लिए शनिवार को रोहतक,
सोनीपत व पानीपत से हुडा अधिकारी आए। इनमें रोहतक के हुडा प्रशासक दिनेश सिंह यादव, संपदा अधिकारी, पानीपत व
सोनीपत के संपदा अधिकारी भी थे। स्टाफ सुबह दस बजे हुडा कार्यालय पहुंच गया। इसके बाद आईटी सेल के इंचार्ज पीयूष वर्मा ने प्रोजेक्टर पर प्रजेंटेशन दी। इसके अलावा स्टाफ से कुछ सुझाव भी लिए। दोपहर एक बजे पूरा स्टाफ लौट गया। अब सोमवार से रोहतक, सोनीपत व पानीपत में हुडा कार्यालय पेपरलेस हो जाएंगे। इसकी सारी तैयारी हो गई है।
पेपरलेस की दी जानकारी
हुडा प्रशासक पीसी मीणा के अनुसार रोहतक, पानीपत व सोनीपत से हुडा अधिकारी सुबह दस बजे यहां आए। सबसे पहले कांफ्रेंस हॉल में सभी की मीटिंग हुई। आईटी सेल के इंचार्ज पीयूष वर्मा ने सभी हुडा अधिकारियों को प्रोजेक्टर पर प्रजेंटेशन दी और पेपरलेस हुडा के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि हुडा में अब कोई भी व्यक्ति एनओसी लेगा तो उसे केवल सिंगल विंडो पर एक एप्लीकेशन देनी होगी। इसके बाद हुडा कर्मचारी कम्प्यूटर में ही अलग-अलग ब्रांच में इस फाइल को भेज देता है। यदि फाइल में कोई भी दिक्कत नहीं है तो कर्मचारी फाइल को कम्प्यूटर पर ही ओके करते हैं।
रिकॉर्डरूम भी दिखाया
रोहतक, पानीपत व सोनीपत के हुडा अधिकारियों को रिकॉर्डरूम दिखाया गया। हुडा के इस नए रिकॉर्डरूम की खासियत यह है कि पलभर में ही फाइल मिल जाती है। इसके अलावा यहां आग से भी फाइलों को सुरक्षित रखा जा सकता है। गोदरेज कंपनी की 40 अलमारी यहां है। इसके दोनों तरफ फाइलों को रखा गया है। अलमारी इधर-उधर घूम सकती है। इसके बाहर सेक्टर का नाम लिखा हुआ है। इतना ही नहीं, हुडा ने 54 हजार फाइलों का डाटा कम्प्यूटर में फीड कर लिया है।