इसलिए पुलिस प्रशासन ने यह सख्त कदम उठाया है। हाल ही में सूरजकुंड इलाके के दर्जनभर से अधिक मैरिज गार्डन संचालकों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। गांवों में भी चढ़त के समय लगने वाले जाम से ट्रैफिक का बुरा हाल है।
बाराती भी रखें ध्यान: अक्सर देखा गया है कि बारात की चढ़त के दौरान दूल्हे की बग्गी व घोड़ी सड़क के बीचों-बीच चलती है। इसके आगे बैंड बाजे व पीछे लंबा जाम लग जाता है। शराब के नशे में धुत बाराती नाचने गाने में इतने मशगूल हो जाते हैं कि पीछ शेष पेज 15 पर
जाम की फिक्र भी नहीं रहती। इसी कारण सड़क पर कई किलोमीटर तक लंबा जाम लग जाता है। चढ़त के समय घोड़ा व बग्गी सड़क के साइड में चलनी चाहिए। यदि इससे यातायात प्रभावित हुआ तो पुलिस एक्शन लेगी।
सूरजकुंड में सबसे अधिक: दिल्ली से सटा हुआ होने के कारण सूरजकुंड का इलाका मैरिज के लिए सबसे हॉट स्पॉट है। इसलिए यहां रोड किनारे काफी मैरिज हाऊस हैं। सूरजकुंड के इलाके में 18 से 20 बैंक्विट हॉल, गार्डन व अन्य मैरिज हाऊस हैं। इसके अलावा नेशनल हाइवे पर सीकरी गांव के इलाके में भी मैरिज हाऊस की भरमार है। नेशनल हाइवे से सटे हुए होने के कारण यहां भी मैरिज हाउसों की रेलमपेल है। यहां पर 15 से 20 मैरिज हाऊस हैं। इसके अलावा सेक्टर-3 तिगांव रोड, सेक्टर-7, 8, 9, 10, 14, 19, 21, 21सी, 31, 37, सराय ख्वाजा, फरीदाबाद-गुड़गांव रोड, पाली के इलाकों में भी काफी बैंक्विट हॉल व गार्डन हैं।
यह हैं मैरिज हाउस संचालन के नियम: मैरिज हाऊस के बाहर वाहन खड़ा करने की परमिशन नहीं दी जा सकती। नियमानुसार मैरिज हाऊस संचालक को पार्टी के दौरान पार्किंग की व्यवस्था खुद करनी जरूरी है। उसको ऐसी जगह पार्किंग की व्यवस्था करनी है जहां से सड़क पर चलने वाले वाहन चालकों को समस्या न हो और जाम न लगे। इतना ही नहीं पार्किंग स्थल व शादी समारोह के मेन गेट पर गार्ड भी नियुक्त होने चाहिए। ताकि वे वाहन चालकों को पार्किंग स्थल बता सकें। यदि मैरिज हाउस के बाहर खड़े वाहनों के कारण जाम लगता है तो संचालक के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 283 के तहत एफआईआर दर्ज की जाती है।
^मैरिज गार्डन के बाहर लगने वाले जाम को अब गंभीरता से लिया जा रहा है। सूरजकुंड के अंदर मेला परिसर में लगी आग को बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की गाड़ी भी नहीं पहुंच पाई थी। अब ऐसे संचालकों को नोटिस भेजे जाएंगे। नोटिस के जवाब के बाद उचित कार्रवाई होगी। इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
सुमित कुमार, डीसीपी एनआईटी
^सड़क पर बारात चलने से जाम लग जाता है। इस बात का ध्यान बारातियों व दूल्हे के पिता को रखना चाहिए। इतना ही नहीं मैरिज गार्डन संचालकों को यह देखना चाहिए कि पार्किंग सड़क पर न हो। बारात व सड़क पर पार्किंग के चलते लंबा जाम लग जाता है। इस कारण आम जन को दिक्कत होती है। यातायात नियमों के खिलाफ जाने वालों पर तो तुरंत एफआईआर दर्ज की जानी चाहिए।
एसके शर्मा, सीनियर वाइस प्रेसीडेंट, रोड सेफ्टी ऑर्गेनाइजेशन।
(फोटो- शादियों के चलते बड़खल सूरजकुंड रोड पर लगा जाम।)