गुड़गांव/फरीदाबाद। मतदाताओं को मतदान संबंधी आवश्यक जानकारी देने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी व डीसी शेखर विद्यार्थी ने चारों विधानसभा क्षेत्रों के लिए अलग-अलग हेल्पलाइन की शुरुआत करवाई है, जिस पर मतदाता फोन करके अपने मतदान केंद्र तथा अपने वोट के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकता है। विद्यार्थी ने कहा कि पिछले अनुभवों से यह महसूस किया गया कि कुछ मतदाता केवल इसलिए वोट डालने नहीं जाते क्योंकि उन्हें यह पता नहीं होता कि उनका वोट बना हुआ है या नहीं। यदि बना हुआ है तो वह किस बूथ पर है। मतदाताओं की इस दुविधा को दूर करने के लिए गुड़गांव जिला के चारों विधानसभा क्षेत्रों के लिए अलग-अलग हेल्पलाइन शुरू की गई है, ताकि मतदाताओं को अपने वोट ढूंढने में दिक्कत न हो और वे आसानी से अपना वोट डाल सकें।
हेल्पलाइन नंबर
गुड़गांव विस क्षेत्र: 0124-2321808
सोहना विस क्षेत्र: 0124-2225042
बादशाहपुर विस क्षेत्र: 0124-2222040
पटौदी विस क्षेत्र: 0124-2672900
मतदाता कार्ड की जानकारी के लिए एसएमएस सेवा का भी लाभ उठा सकते हैं। इसके लिए 9954699899 की व्यवस्था की गई है। डीसी ने बताया कि चुनाव संबंधी सभी जानकारियां प्रशासन की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं।
नियमों का पालन नहीं हो रहा
पुन्हाना। हरियाणा में विधानसभा चुनावों की घोषणा होते ही पुन्हाना खंड के हथनगांव व दल्लाबास सहित आधा दर्जन गांवों में अवैध आतिशबाजी का निर्माण कार्य जोरों से शुरू हो गया है। इसकी जानकारी होते हुए जिला प्रशासन चुप्पी साधे है। अगर ऐसा ही चलता रहा तो इस गांव में 2007 व नूंह कांड दोहराया जा सकता है। इस घटना में दो परिवारों के आतिशबाजी निर्माण के दौरान परखच्चे उड़ गए थे। गौरतलब है की वर्ष 2007 में हथनगांव में अवैध आतिशबाजी बनाने के दौरान भारी विस्फोट हुआ था। उस विस्फोट में हथनगांव निवासी श्यामलाल व उसकी पत्नी सहित उसके दो बच्चों के परखच्चे उड़ गए थे। उस समय तत्कालीन एसपी हरदीप सिंह दून ने इन गांवों को अतिसंवेदनशील घोषित कर दिया था और अवैध आतिशबाजी निर्माण कार्यों पर लगाम कस दी थी। अब चुनावों के चलते दोबारा हथनगांव व दल्लाबास में भारी मात्रा में अवैध आतिशबाजियों का निर्माण कार्य चल रहा है।
कैसे बनती है अवैध आतिशबाजी: पुन्हाना खंड का हथनगांव राजस्थान व उत्तरप्रदेश की सीमाओं से सटा हुआ है। आतिशबाजी निर्माण मेंं प्रयोग होने वाला बारूद आसानी से राजस्थान से आता है और आतिशबाजी बनानें मे प्रयोग होने वाले बारूद, गंधक, पोटाश व रैपर आदि को उत्तरप्रदेश से लाया जाता है। इन सामग्रियों को बनाने के बाद इन्हें हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली, उत्तरप्रदेश के अलावा अन्य राज्यों में सप्लाई कर दिया जाता है। इन दिनों आतिशबाजियों के थोक विक्रेताओं ने हथनगांव के चक्कर लगाने शुरू कर दिए हैं। जो भारी मात्रा में आतिशबाजियों को ले जाकर बेचते हैं।
नहीं है जानकारी
एसडीएम: इस संबंध में फिरोजपुर झिरका के एसडीएम मीनाक्षी गोयल ने बताया की उन्हें इस संबंध में जानकारी नहीं है। हथनगांव मेंं अवैध रूप से हो रहा आतिशबाजी निर्माण के बारे में वह पता लगाएंगी। उन्होंने कहा कि इन कार्यों में लिप्त पाए गए लोगों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्यवाही की जाएगी। वहीं इस बारे में पुन्हाना थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार का कहना है की नूंह में हुए हादसे के बाद पुन्हाना में इन गांवों मे विशेष ध्यान है। अवैध आतिशबाजी बनाने वालों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आतिशबाजी बनाने वाले परिवारों के बारे में पता लगाएंगे। घरों व कारखानों में छापा मारकर उनके खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जाएगी।