बिहार की युवती से गैंगरेप मामले में चार लोगों को 20 साल की कैद
बिहारकी एक युवती से करीब पांच महीने पहले हुए गैंगरेप के मामले में शुक्रवार को अतिरिक्त सेशन जज अलका मलिक की अदालत ने दोषी ठहराए चारों लोगों को 20 साल की सजा सुनाई। अदालत ने इनमें से तीन पर 20-20 हजार रुपये चौथे अभियुक्त पर 30 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। जुर्माना भरने पर चारों को दो साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
घटना सिटी थाना क्षेत्र से जुड़ी है। बिहार की एक युवती अपने नवजात शिशु के साथ पति की तलाश में ट्रेन के जरिये पिछले साल 7 सितंबर को हिसार रेलवे स्टेशन पहुंची थी। यहां मिली दो अज्ञात महिलाएं उसे खाना खिलाने के बहाने उसे एक मकान में ले गई। खाना खिलाकर उसका शिशु गायब कर दिया था। इसके बाद महिलाएं फरार हो गईं। युवती अपने शिशु की तलाश में फिर स्टेशन पर पहुंची। आरोप था कि बच्चे को ढूंढ़ने में मदद का झांसा देकर चार लोगों ने युवती को ओवरब्रिज के निकट पार्क में बने एक कमरे में ले जाकर उसके साथ गैंगरेप किया। 8 सितंबर को किसी महिला ने पीड़ित युवती को सिविल अस्पताल में दाखिल कराया था। प्रकरण में 10 सितंबर को सिटी थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जीआरपी थाने में भेज दिया था। मजिस्ट्रेट के सामने युवती के बयान के बाद मुकदमा वापस सिटी थाना पहुंच गया। पुलिस ने छानबीन के बाद चार अभियुक्तों में बिहार निवासी महेश, महावीर काॅलोनी निवासी रवि, तेलियान पुल के निकट के निवासी विजय एवं बिहार निवासी रामसेवक को गिरफ्तार किया था। तफ्तीश के बाद चारों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की।
अदालत में चारों पर मुकदमा चला। प्रकरण की सुनवाई अतिरिक्त सेशन जज अलका मलिक की अदालत में शुरू हुई। सुनवाई के दौरान प्रस्तुत साक्ष्यों के आधार अदालत ने चारों को युवती से गैंगरेप किए जाने का दोषी करार दिया था। शुक्रवार को अदालत ने इस प्रकरण में चारों अभियुक्तों मेें महेश, विजय, रवि एवं रामसेवक को 20 साल कैद एवं 20-20 हजार रुपये का जुर्माना किया। इसके अलावा आरोपित रवि को धारा 366 में पांच साल कैद और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।