हिसार. करीब पांच महीने पहले हिसार रेलवे स्टेशन के पास महिला से सामूहिक दुष्कर्म के मामले की बुधवार को अदालत में सुनवाई हुई। अतिरिक्त सेशन जज अलका मलिक की अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर चार अभियुक्तों को दोषी करार दिया है। इनमें बिहार निवासी महेश, महावीर काॅलोनी निवासी रवि, तेलियान पुल के निकट निवासी विजय एवं बिहार निवासी रामसेवक शामिल हैं। इन्हें शुक्रवार काे सजा सुनाई जाएगी।
सामूहिक दुष्कर्म की यह घटना पिछले साल सितंबर महीने में हुई थी। बिहार की एक युवती नवजात शिशु के साथ अपने पति की तलाश करते हुए हिसार स्टेशन पर पहुंची थी। प्लेटफार्म पर उसे दो महिलाएं मिलीं जो खाना खिलाने के बहाने अपने साथ एक मकान में ले गई। आरोप है कि खाना खिलाने के दौरान दोनों महिलाएं उसका शिशु गायब कर भाग गई। शिशु की तलाश में युवती वापस स्टेशन आ पहुंची।
स्टेशन के बाहर उसे एक व्यक्ति मिला, जिसने बच्चे को ढूंढ़वाने का झांसा दिया। आरोप है कि वह 7 सितंबर को उसे रेलवे पुल के निकट पार्क में बने एक कमरे में ले गया। वहां चार व्यक्तियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया और फरार हो गए। 8 सितंबर की सुबह एक महिला ने पीड़ित युवती को कमरे के पास लहूलुहान देखा तो उसे सिविल अस्पताल में दाखिल करा दिया। सूचना मिलने पर शहर थाना पुलिस की एक टीम अस्पताल पहुंच गई थी। मगर जब पुलिस को पता चला कि घटना रेलवे स्टेशन परिसर के आसपास हुई है तो पुलिस ने उसे जीआरपी थाने के पास भेज दिया था।
जीआरपी ने केस की फाइल वापस सिटी थाना भेज दी थी। आखिरकार 10 सितंबर को केस दर्ज होने के बाद सिटी पुलिस ने मजिस्ट्रेट के सामने युवती के बयान दर्ज करवाए। फिर सिटी पुलिस ने जांच के बाद बिहार के महेश, महावीर काॅलोनी के रवि, तेलियान पुल के निकट निवासी विजय एवं बिहार के रामसेवक को गिरफ्तार किया था। इस प्रकरण में सुनवाई के बाद अदालत ने बुधवार को फैसला सुनाते हुए चारों अभियुक्तों को दोषी करार दे दिया।