प्रभु के सिमरण से सब कष्ट दूर: युगल
करनाल | सत्संगभवन बैंक कॉलोनी में आयोजित कथा में स्वामी युगल किशोर गिरी महाराज ने कहा कि मानव को नि:स्वार्थ भाव से प्रभु की भक्ति करनी चाहिए। इसी में मानव का कल्याण है। उन्होंने फरमाया कि मानव का आकर्षण भौतिक वस्तुएं बनकर रह गई हैं। प्रभु सिमरण के लिए उसके पास समय नहीं रहा है। मानव तो दुख आने पर ही प्रभु का सिमरण करता है। जिसके कारण मानव के जीवन में कष्ट आते हैं।