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केयू परीक्षा शाखा का खेल पास स्टूडेंट को किया फेल

7 वर्ष पहले
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जानकारी लेकर करेंगे उचित कार्रवाई

रजिस्ट्रेशन नंबर में भी गड़बड़

कुरुक्षेत्रयूनिवर्सिटीकी परीक्षा शाखा विद्यार्थियों को पास और फेल करने का खेल खेल रही है। मामला चौकाने वाला है। एक छात्र ने बीसीए दूसरे सेमेस्टर के रिअपीयर के तीन पेपर दिए। जिसके बाद उसके घर पर पहुंची डीएमसी में तीनों विषयों में तो उसे पास दिखाया गया लेकिन इससे पहले वह जिन पेपर में पास था उनमें से एक में उसे गैर हाजिर दिखा दिया गया। इसके बाद जब छात्र ने अपनी डीएमसी को ठीक कराने के लिए केयू परीक्षा शाखा को भेजा लेकिन कोई जवाब नहीं आया। जब वह अपनी ठीक हुई डीएमसी लेने केयू में पहुंचा तो उसके पांव तले की जमीन खिसक गई।

उसे परीक्षा शाखा के कर्मचारियों ने बताया कि गैरहाजिर तो गलती से लिखा गया लेकिन वह रिअपीयर वाले पेपरों में से ही एक में फेल हैं। जिसे गलती से उन्होंने डीएमसी से पास कर दिया था। इससे सवाल उठता है कि डीएमसी बनाने में केयू परीक्षा शाखा के कर्मचारी और अधिकारी किस स्तर पर लापरवाही बरतते हैं। वहीं छात्र का भविष्य भी अब केयू कर्मचारियों और अधिकारियों के चक्कर लगाकर अंधेरे में है।

फाइल नहीं भेजी वीसी को

केयूपरीक्षा शाखा के कर्मचारियों ने जिस प्रार्थना पत्र को मनदीप घनघस से 20 अगस्त 2014 को लिखवाया था उसे वीसी को भेजा ही नहीं गया। इसका खुलासा गुरुवार को उस समय हुआ जब विद्यार्थियों ने तीन घंटे की मशक्कत के बाद फाइल ढूंढी। छात्र ने सवाल उठाया कि जब उससे प्रार्थना पत्र केयू वीसी के नाम लिखवाया गया था तो उसे केयू वीसी को क्यों नहीं भेजा गया।

डूब गए 43 हजार रुपए

केयूपरीक्षा शाखा में अपनी डीएमसी को ठीक कराने आए छात्र मनदीप घनघस ने बताया कि उसने केयू से आई अपनी पास हुई डीएमसी के आधार पर ही गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी हिसार में एमसीए में दाखिला लिया था। इसके लिए उसने 43 हजार रुपए की फीस भी भरी थी। जिसे वापस लेने के लिए जीजेयू प्रशासन ने सात सितंबर तक का समय दिया था। 20 अगस्त को वह केयू परीक्षा शाखा में पहुंचा जहां पर उसे डीएमसी ठीक कराने का आश्वासन दिया गया। इतना ही नहीं छात्र से एवरेज आधार पर पास कराने को लेकर प्रार्थना पत्र भी लिखवाया गया। इसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई और दोबारा सितंबर में एक नई फाइल तैयार की गई। जिसमें केयू परीक्षा शाखा के कर्मचारियों ने गलती ठीक करने के बारे में लिखकर