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हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल हैं मेवात की रामलीलाएं

7 वर्ष पहले
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{दोनों समाज के लोग निभाते हैं मंच पर महत्वपूर्ण भूमिका

भास्करन्यूज |पुन्हाना

मेवातकी रामलीलाओं में मंचन करने वाले मुस्लिम कलाकार देश की सामासिक संस्कृति को प्रदर्शित करते हैं। समाज में हिंदू-मुस्लिम के बीच खाई पैदा करने वाले नेताओं के लिए यह एक नसीहत है।

यहां की रामलीलाएं मुस्लिम समाज की भागीदारी के बिना अधूरी हैं। रामलीलाएं मुस्लिम साजिंदों के बगैर फीकी हैं। स्थानीय रामलीलाओं में मुस्लिम कलाकार साज बजाने से लेकर लक्ष्मण तक की भूमिका निभाते हैं। अख्तर हुसैन, मास्टर अजरूद्दीन ने बताया कि वे पुन्हाना में हो रही रामलीलाओं में 20 वर्षों से ढोल, हरमुनिया, तासे बजाते रहे हैं। इतना ही नहीं रामलीलाओं में कई मुस्लिम भी मुख्य कालाकारों की भूमिका निभाते हैं।

रामलीला कमेटी के प्रधान कमल प्रकाश सैनी का कहना है कि ये मुस्लिम कलाकार मेवात की हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की बेजोड़ मिसाल हैं। पिनगवां की रामलीलाओं में साउंड मास्टर अब्दुल करीम और ढोलकिया मास्टर उस्मान खान ने बताया कि जब रामलीला कमेटी ने उनसे मेहनताने पर साज बजाने का आग्रह किया, तो उन्होंने सहर्ष इस आग्रह को स्वीकार कर लिया। राम के आदर्श से वे इतने प्रभावित हुए कि बाद में पैसा लेना ही छोड़ दिया। 27 वर्षों से वे पिनगवां रामलीला में साज बजाते रहे हैं। अब्दुल करीम और उस्मान का कहना है कि हमारे पैगंबर ने साफ कहा है कि अगर तुम दूसरों के मजहब की कद्र करोगे, तभी वह तुम्हारे मजहब को भी सम्मान देगा।

90 के दशक में पिनगवां की रामलीलाओं में अन्य साजों के अलावा तबला और नगाड़े भी शामिल कर लिए गए। इसके बाद हारमोनिया की जिम्मेदारी अब्दुल करीम, नगाड़ा की मास्टर उस्मान खां, ढोलक की शाकिर हुसैन और तबलावादक की भूमिका शकूर अहमद निभा रहे हैं। फिरोजपुर झिरका रामलीला कमेटी में 25 वर्षों से साज बजाने का काम मास्टर फजरुद्दीन और मास्टर आस मोहम्मद के सहयोग से चल रहा है। आस मोहम्मद ढोलक और फजरुद्दीन हारमोनियम बजाने का काम कर रहे हैं। पुन्हाना रामलीला कमेटी के अध्यक्ष कमल प्रकाश सैनी ने बताया कि मेवात क्षेत्र पूरी दुनिया में हिंदू-मुस्लिम आपसी भाइचारे के लिए मशहूर है। हिंदू-मुस्लिम एक दूसरे के त्योहारों को भी मिल जुलकर मनाते हैं। मुसलमान रामलीलाओं मे बढ़-चढ़ कर भाग लेते हैं, वहीं मुसलमान ही राम बारात का स्वागत करते हैं। वहीं हिंदू समाज के लो