2 माह में 14 दिन रही सर्द रात, जनवरी में 1 दिन माइनस में गया पारा
मौसमका मिजाज साल-दर-साल बदल रहा है। साल में सबसे ज्यादा सर्द रहने वाले दिसंबर जनवरी माह में केवल 14 दिन ही ऐसे गुजरे जब ठंडी रात ने लोगों को ठिठुराया है। माइनस में पारा जाने की बात करें तो केवल एक दिन ही माइनस एक डिग्री पर तापमान रहा। वहीं मावठ भी इस बार क्षेत्र से दूर ही रही। दोनों माह सूखे निकल गए।
नवंबर में लोगों को ठंड का अहसास कम ही हुआ और दिन रात दोनों गर्माहट में ही चले गए। दिसंबर का आधा महीना भी गर्माहट वाला ही रहा। इसमें रात का पारा 13 डिग्री से भी ऊपर तक पहुंचा। 13 दिसंबर से ही रात का पारा कुछ लुढ़ककर नीचे आया था। तभी लोगों को रात्रि में ठंड ने ठिठुराया था।
गत वर्ष की अपेक्षा इस सीजन में रात में दिसंबर में पारा 1.5 डिग्री तक नीचे लुढ़का। दिसंबर में 4 बार 2.5 से नीचे और जनवरी में 5 बार पारा 4.5 से नीचे रहा, जबकि इस सीजन में पहली बार पारा माइनस 1.5 डिग्री तक पहुंचा।
रात का पारा -1.50पर पहुंचा
इस सीजन में दिसंबर जनवरी माह में मावठ नहीं हुई। यानी दोनों ही माह बिना मावठ के बीत गए, जिस कारण सर्दी भी कम पड़ी। मौसम विशेषज्ञों ने जनवरी माह में हल्की बूंदाबांदी के आसार जताए थे, इस दाैरान कुछ जगह बूंदाबांदी भी हुई, लेकिन जिला सूखा ही रह गया। बारिश का असर भी फसल पर देखने को मिला।
मौसम विभाग केअनुसार 11 12 फरवरी को आंशिक बादल कहीं-कहीं छिटपुट बूंदाबांदी तथा इसके बाद तापमान में हल्की गिरावट मौसम खुश्क रहने की संभावना है। वहीं हवा में आर्द्रता 50 से 80 प्रतिशत और 3 से 8 किलोमीटर प्रति घंटे के बीच हवा चलने की औसत गति रहेगी।
सीजन की फसलों के लिए अच्छा
^इससमय जो दिन रात का तापमान चल रहा है, वह गेहूं सरसों के लिए फायदेमंद है। अगर कोहरा पड़ता है तो कोई नुकसान नहीं है, लेकिन धूप निकले तो नुकसान हो सकता है। पिछले दिनों गर्म मौसम रहने से सरसों में 5 प्रतिशत और गेहूं में 10 प्रतिशत के आसपास नुकसान की संभावना हो सकती है। -डॉ. यशपाल यादव, प्रिंसिपल साइंटिस्ट, केवीके, बावल।
जनवरी- 8 दिन
सबसे अिधक
05- 25.70
06-24.80
11-26.60
30-27.70
सबसेकम
17 - 4.20
18-4.00
21-1.50
22--1.50
दिसंबर - 8 दिन
सबसे अिधक
04- 26.60
05-28.20
06-27.80
21-30.00
सबसेकम
13 - 2.00
21-2.00
22-2.50
25-1.50