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खनन की गाड़ी रोकी तो डीडीपीओ पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास, भागकर बचाई जान
जाट्टोंवाला में पंचायती जमीन पर हो रहा था अवैध खनन
भास्करन्यूज | यमुनानगर
माइनिंगअधिकारीभले ही जिले में कहीं भी अवैध खनन होने का दावा करते हो लेकिन शनिवार को गावं जाट्टोंवाला में पंचायती जमीन पर ही अवैध खनन चल रहा है। सूचना पर डीडीपीओ गगनदीप सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने अवैध खनन करने वालों को रोकने का प्रयास किया, लेकिन उन्होंने उनकी बात नहीं मानी। वहां पर हालात बिगड़े गए और मौके पर अतिरिक्त पुलिस बुलाई गई, लेकिन समय पर पुलिस नहीं पहुंची। इससे अवैध खनन करने वालों का हौसला बढ़ गया और उन्होंने डीडीपीओ पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। डीडीपीओ ने भागकर जान बचाई। जब तक मौके पर अतिरिक्ति पुलिस पहुंचती मौके से अवैध खनन करने वाले फरार हो गए। मौके पर दो गाड़ियों को पुलिस ने पकड़ ली।
डीडीपीओ गगनदीप सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी गांव जाट्टोंवाला में पंचायत जमीन में अवैध खनन हो रहा था। सूचना पर वे वहां पहुंचे तो उन्होंने खनन करने वालों को रोकने का प्रयास किया और सूचना पुलिस को दी। इस दौरान आरोपियों ने उस पर गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। उन्होंने वहां से भागकर जान बचाई। उनका कहना है कि इसकी सूचना उन्होंने एसएचओ को दी, लेकिन वे टाइम से मौके पर नहीं पहुंचे। जब तक एसएचओ मौके पर पहुंचते आरोपी मौके से फरार हो चुके थे। सिंह का कहना है कि उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस को दे दी है।
एसडीएम पर भी हो चुका प्रयास
यहपहला मामला नहीं है जब किसी अधिकारी पर माइनिंग माफिया ने इस तरह से गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया हो, इससे पहले 2010 में तत्कालीन एसडीएम बिलासपुर अश्वनी मैंगी पर हमला कर दिया था। वे भी इसी तरह से चेकिंग के लिए वहां पर गए हुए थे। बाद में छछरौली, खिजराबाद, सदर जगाधरी और सीआईए की टीम ने एसडीएम को किसी तरह से वहां से निकाला था। इस मामले में आधा दर्जन लोगों को कोर्ट सजा भी सुना चुकी है।