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भक्ति अगर निष्काम हो तो वश में होते भगवान: यशराज

7 वर्ष पहले
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भगवानकी भक्ति अगर निष्काम भाव से की जाए तो उसका फल भी मिलता है और भगवान की प्राप्ति होती है। ये बात वृंदावन के अरविंद कृष्णम जी महाराज ने कही। वो पानी वाली टंकी के पास स्थित डेरा बाबा सतराम भारा में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा में उपस्थित श्रद्धालुओं को प्रवचन कर रहे थे। इससे पूर्व सतीश चौपड़ा, घनश्याम मदान, ललित मेहता मुनीष मदान ने विशिष्ट अतिथि के तौर पर पूजा अर्चना में भाग लिया। कथा व्यास ने कहा अगर भक्ति में किसी प्रकार की कोई कामना जाए तो भक्ति रहकर पाखंड बन जाता है। उन्होंने कहा कि भक्ति ऐसी करो जिस तरह गोपियों ने भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति कर उनको अपने वश में कर लिया और जब भी उनका मन करता वो भगवान श्रीकृष्ण को बंसी बजाने को कहती अपने संग नाचने को कह देती थी। धर्म के मामले कभी भी फायदा नुकसान नहीं देखना चाहिए। प्रबंधक कमेटी के प्रधान घनश्याम मदान, रामचंद्र मदान, रामशरण आहूजा, सुभाष गांधी, अमरलाल मदान, लेखराज नारंग, राजकुमार मदान, नरेश मदान, सुरेश सरदाना, कालीदास नागपाल, मनोज नारंग,मदनलाल नारंग, संदीप आहूजा, कृष्ण मदान मौजूद थे।

अरविंद कृष्णम।

डेरा बाबा सतराम भारा द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में उपस्थित श्रद्धालु।