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फरवरी के अंत तक भिंडावास से उड़ान भरने लग जाएंगे प्रवासी पक्षी

6 वर्ष पहले
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मौसम बहुत मायने रखता है पक्षियों के ठहराव के लिए

भास्करन्यूज | झज्जर

तापमानमें अब बदलाव आना शुरू हो गया है। रातें ठंडी हैं, जबकि दिन नरमाने लगे हैं। फरवरी अंत तक पारा बढ़कर 30 डिग्री के करीब होने की उम्मीद है, जिसके चलते प्रवासी पक्षी भिंडावास से कुछ जल्द उड़ान भर सकते हैं। इसके बाद ये पक्षी सालभर के बाद ही नजर आएंगे। इस स्थिति को देखते हुए अब भिंडावास में पहुंचने वाले पर्यटकों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है।

विभागीय सूत्रों का कहना है कि क्षेत्र में पक्षियों द्वारा डेरा डालने का सिलसिला सर्दी बढ़ने के साथ ही नवंबर दिसंबर माह में शुरू होता है। और यह स्थिति फरवरी मार्च तक सर्दियां कम होने तक बनी रहती है। अनुकूल मौसम होने के कारण क्षेत्र में काफी संख्या में विदेशी पक्षियों ने मौजदूगी है। विभाग का कहना है कि फिलहाल दिन का अधिकतम मौसम 23-24 डिग्री के करीब चल रहा है। जिसके अगले कुछ दिनों में 30 डिग्री के पार हो जाने की उम्मीद है। ऐसे में यहां लंबी उड़ान भर आने वाले पक्षियों के लौटने का दौर शुरू होगा। मौसम में आए इस बदलाव को देखते हुए दिल्ली और दूसरे शहरों से आने वाले पर्यटकों की संख्या फिलहाल बढ़ी है।

पक्षियोंके साथ-साथ ये भी हैं वन्य प्राणियों

भिंडावासको लेकर लोगों में एक धारण है कि इस क्षेत्र में केवल प्रवासी पक्षी ही कुछ समय के लिए प्रवास करते हैं।, जबकि वन्य प्राणी विभाग का कहना है कि इस क्षेत्र में स्वदेशी विदेशी पक्षियों के अलावा नील गाय, गीदड़, खरगोश, जंगली बिल्ली, रेंगने वाले जंतुओं में सांप, गोह, के साथ साथ जलीय पदार्थ मछलियां मेंढक भी काफी संख्या में मिलते हैं।

वाचटावर से दिखता है मनोरम दृश्य

भिंडावासकी आर्द्र भूमि को 12 किलोमीटर के रिंग बांध से जोड़ा हुआ है।

क्षेत्र में विदेशी पक्षियों का मनोरम दृश्य को देखने के लिए दो वॉच टावर बनाएं हुए हैं। इन दोनों टावरों पर खड़े होकर पर्यटक सामान्य नजरों से दूरबीन से पानी के अंदर कल-कल करते पक्षियों को देख सकते हैं। झज्जर शहर से 15 किलोमीटर दूर, क्षेत्रफल 1017 एकड़, वैटलैंड के कारण 16 प्रकार की मानव गतिविधियों पर रोक 300 प्रवासी ,नीलगाय, सेही, खरगोश, नेवला, गिलहरी, जंगली बिल्ली, सुनहरी गीदड़ सहित नौ जंगली जानवर मौजूद। दो वॉच टावर, झील, जंगल, रेस्ट हाउस, इंटरप्रिटेशन सेंटर।

प्रवासी पक्षियों का आना-जाना सर्दी पर निर्भर

प्रवासीपक्षियों के आने-जाने का सिलसिला सर्दी पर निर्भर करता है। मौजूदा समय में पक्षियों ने लौटना शुरू नहीं किया है। अभी मौसम पक्षियों के लिए अनुकूल बना है। पक्षियों का कल-कल नजारा सुबह के समय अधिक रहता है। पर्यटक सूरज उगने के साथ ही पहुंच जाते हैं। अब तो भिंडावास में पक्षियों के बारे में अलग से जानकारी भी उपलब्ध है। पक्षी प्रेमी इसका भी लाभ उठा रहे हैं। मौसम में गर्मी आने तक पक्षी कम ही उड़ान भरते हैं। श्यामसुंदर, डीएफओवन्यप्राणी विभाग रोहतक मंडल।

झज्जर. भिंडावासझील में घूमते प्रवासी पक्षी।