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सीटीएम को सौंपी जिम्मेदारी, 11 महीने से परेशान हो रहे राहगीर
ठेकेदार अधिकारियों की बढ़ी बेचैनी
^दोनों पक्षों की सुनवाई हो चुकी है। मामले की पूरी जांच के निर्देश दिए गए हैं, जैसे उन्हें आदेश मिलेंगे नाला निर्माण काम उसी दिशा में तत्काल प्रभाव से कराया जाएगा। गली निर्माण का काम भी तेजी से कराया जाएगा।\\\'\\\' प्रदीपकुमार, नपासचिव खरखौदा।
{किस अधिकारी की परमिशन से एक तरफ दो नाले बनाए गए?
{दोनों नालों पर कितना रुपया खर्च हुआ, किस अधिकारी ने वर्क आर्डर जारी किए?
{कौन से हैड से दोनों नालों के निर्माण का खर्च दिया गया या दिया जाना है?
{सरकारी ग्रांट का दुरुपयोग हुआ या नहीं ? अगर हुआ है तो दोषी कौन-कौन है?
{पूरा का पूरा मामला अब जिला उपायुक्त महोदय के संज्ञान में चला गया है।
जिस नाले का अब वरिष्ठ अधिकारी मुआयना करने आएंगे वहां पर एक तरफ दो नाले जो पिछले 6 महीने से चर्चा का विषय बने हुए हैं, उसको भी देखेंगे। इसकी भी जांच शुरू हो सकती है।
भास्कर न्यूज | खरखौदा
डीसीदरबार में ब्राह्मण दरवाजे के पास वाली पुलिया बनाकर पहले की तरह नाले को डायवर्ट करने गली के दोनों ओर नाले बनाने की मांग में जनहित क्या है? इसकी जांच खुद डीसी समीर पाल सरो कराएंगे। यही नहीं उन्होंने इसकी जांच के लिए सिटी मजिस्ट्रेट को जांच के निर्देश भी दिए हैं। उन्होंने दोनों पक्षों की बातें सुनने के बाद स्पष्ट कहा कि जन हित में क्या है, मौके पर जाकर स्थिति का मुआयना किया जाएगा आगे कार्रवाई की जाएगी।
पिछले 11 महीने से परेशान वार्डवासियों ब्राह्मण दरवाजे से निकलने वाले राहगीरों को परेशानी हो रही है। वहीं नाला निर्माण कार्रवाई में अनियमितताओं नाले की दिशा बदलने की मांग के कारण गली निर्माण का काम भी अधर में अटक गया है। जिससे राहगीरों वार्डवासियों के साथ-साथ कॉलेज कन्या विद्यालय जाने वाली छात्राओं को भी परेशानी उठानी पड़ रही है।
क्याहै मामला : ब्राह्मणदरवाजे के पास गली के बीचों-बीच क्रासिंग पुलिया बनाई हुई थी, गली सीवरेज खुदाई के दौरान यह पुलिया उखाड़नी पड़ी। अब कई वार्डवासियों ने आवाज उठाई कि इस पुलिया को यहां से समाप्त कर मुख्य गली के दोनों ओर नाले निकलवाए जाएं, लेकिन मोहल्ले के एक पक्ष का कहना है कि जैसे पुलिया थी वैसी ही बनाई जानी चाहिए। दोनों ही पक्ष यहां पर अड़ गए हैं। इस कारण पानी निकासी गली निर्माण का काम यहां पर अटक गया है। मामला डीसी दरबार तक पहुंच गया।