खाद, बीज कीट नाशक दवा विक्रेता के लिए बीएससी की शर्त को कहा गलत
कोसलीकी खाद, बीज कीट नाशक दवा विक्रेता एसोसिएशन ने कोसली के एसडीएम के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेज खाद, बीज कीट नाशक दवा विक्रेता के लिए बीएससी की डिग्री आवश्यक किए जाने का विरोध किया है। सरकार के इस नए कदम के विरोध में दवा विक्रेताओं ने मंगलवार को शहर समेत गांवों में भी अपनी-अपनी दुकानें बंद रखीं।
नियम लागू हुआ तो कई विक्रेता हो जाएंगे बेरोजगार
एसोसिएशनने कहा है कि दवा विक्रेता सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त खाद, बीज कीट नाशक बेचते हैं। बिक्री के लिए ऐसी शर्त लागू करना उचित नहीं है। सरकार द्वारा दो वर्ष में डिग्री प्राप्त करने की बात कही जा रही है। जबकि कृषि में बीएससी की डिग्री पाने में चार वर्ष लगते हैं। इस कार्य में लगे अधिकांश दुकानदार इस उम्र की दहलीज पर हैं कि उनके लिए तुरंत डिग्री हासिल करना संभव नहीं है। डिग्री की शर्त को लागू किया गया तो इस कार्य में लगे हजारों लोग बेरोजगार हो जाएंगे। एसोसिएशन ने केंद्रीय कृषि मंत्री से डिग्री की शर्त को समाप्त किए जाने की मांग की है। इस मौके पर सुनिल कुमार, रतनदेव ओमप्रकाश सहित अन्य लोग मौजूद थे।
दवा विक्रेताओं ने एसडीएम के माध्यम से सरकार को भेजा पत्र
कोसली. खाद,बीजकीटनाशक दवा विक्रेता के लिए बीएससी की डिग्री अनिवार्य करने के विरोध में तहसीलदार को ज्ञापन देते दुकानदार।