विशेष आवश्यकता वाले बच्चों की प्रतिभा को पहचानने की जरूरत: चट्ठा
पिहोवा| राजकीयवरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में दिव्यांग पर आधारित तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर लगाया गया। इसमें ब्लॉक के सभी स्कूलों से एक एक अध्यापक ने भाग लिया। शिविर का उद्घाटन खंड संसाधन संयोजक गुरबाज सिंह चट्ठा ने किया। इस मौके पर चट्ठा ने कहा कि निशक्त बच्चों में प्रतिभा की कमी नहीं है। उनकी सोच जज्बा सामान्य बच्चों के बराबर है। लेकिन उनकी इस क्षमता को पहचान कर उन्हें मौका दिए जाने की जरूरत है। उनकी आवश्यकता पहचानने के साथ साथ उन्हें अतिरिक्त समय देना होगा ताकि उनके मन से हीन भावना को दूर किया जा सके। सह पाठयक्रम गतिविधियों के माध्यम से बच्चों में आत्म विश्वास भरने का प्रयास अध्यापकों को करना चाहिए। कार्यक्रम के संचालक विशेष अध्यापक मास्टर ट्रेनर विजेंद्र धीमान मीतू राज ने बताया कि विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए पाठयक्रम में कैसे अनुकूलन किया जा सकता है। दृष्टि बाधित, मूक बधिर, मानसिक विकलांग, अधिगम क्षमता, प्रमस्तिष्क पक्षपात से पीडि़त बच्चों के बारे उपस्थित लोगों को जानकारी दी गई।