- Hindi News
- सोशल मीडिया के सहारे जगाई जा रही है हैपेटाइटिस सी से बचाव की अलख
सोशल मीडिया के सहारे जगाई जा रही है हैपेटाइटिस-सी से बचाव की अलख
रतियामें हैपेटाइटिस-सी की बीमारी इतनी गंभीर हो चुकी है कि अब इस बीमारी ने सोशल मीडिया पर भी दस्तक दे दी है। सोशल मीडिया पर इस बीमारी से बचाव के लक्षणों और सावधानियों बारे विस्तार से जानकारी उपलब्ध करवाई गई है। इसके लिए हैपेटाइटिस-सी के नाम से साइट भी बनाई गई है, जिसे फेसबुक पेज पर डाला गया है। इसे कई लोगों ने लाइक और शेयर किया है।
बताएजा रहे है बचाव के नुस्खे
जोसाइट बनाई गई है, उसे हैपेटाइटिस-सी याद रखने वाली बातें का नाम दिया गया है। इस पर सावधान के नाम से क्रॉस का लोगो भी लगाया गया है, ताकि लोग इससे सचेत रहें। फेसबुक के जरिए हैपेटाइटिस-सी के प्रति लोगों को जागरूक किया जा रहा है कि वे इस बीमारी से बचाव के लिए खुद के रेजर से ही शेव करें। हैपेटाइटिस-सी जानलेवा बीमारी है। इससे सुरक्षित रहें। इस पर हेयर ड्रेसर को एक व्यक्ति की शेव करते दिखाया गया है, जिस पर लिखा है कि किसी और पर इस्तेमाल किया गया उस्तरा, फिटकरी, ब्रश के संपर्क में आएं। इस साइट के साथ हर रोज सैकड़ों लोग जुड़ रहे हैं। सोशल मीडिया के जरिए आम लोगों को जागरूक किया जा रहा है। रतिया क्षेत्र में यह बीमारी गंभीर होने के कारण रतिया के लोग भी इसके प्रति ज्यादा रुचि ले रहे हैं और इसे एक-दूसरे को पोस्ट कर रहे हैं।
रतिया में है ज्यादा प्रकोप
रतियामें हैपेटाइटिस-सी का प्रकोप है। दो साल पहले स्वास्थ्य विभाग ने पीजीआई की टीम से रतिया में सर्वे करवाया था। तब रतिया क्षेत्र में 8 हजार लोगों की जांच की गई, जिसमें से 1684 लोग इस बीमारी से पीड़ित पाए गए थे। सर्व समाज के प्रधान सतपाल जिंदल अन्य सदस्यों ने राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा हुआ है।
पहल