पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • मां का रो रो बुरा हाल, मुझे िदलाओ मेरा लाल

मां का रो-रो बुरा हाल, मुझे िदलाओ मेरा लाल

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
8अगस्त की रात्रि को रेलवे स्टेशन के पास झाड़ियों में लावारिस हालात में मिला 4 माह का नवजात \\\'मिक्की स्टार\\\' को मां का आंचल कब नसीब होगा। इस बारे में किसी को भी नहीं पता है। जबकि उस मासूम को अपना बेटा शिवा बताने वाली मां रूकमणि देवी का रो रो कर बुरा हाल है। जिसे वह रोजाना गोद में लेकर लोरी सुनाते हुए सुलाती थी। अब उसे सुलाना तो दूर की बात है।

उसकी शक्ल देखने के लिए भी प्रशासनिक अधिकारियों से परमिशन लेनी पड़ती है। रूकमणि अपने बेटे को प्राप्त करने के लिए डीसी, एसपी चौकी इंचार्ज से कई बार गुहार लगा चुकी है, लेकिन अधिकारी उसे यह कहकर घर भेज देते हैं कि जल्दी ही डीएनए रिपोर्ट जाएगी। उसे उसका बेटा दे दिया जाएगा। मासूम \\\'मिक्की स्टार\\\' फिलहाल भाई कन्हैया आश्रम में है। जहां आश्रम सेविकाएं उसकी देखभाल कर रही है।

बार बार भेज रहे रिमाइंडर

रिमाइंडर मधुबन भेजा है

उन्होंनेरिमाइंडर मधुबन भेजा हुआ है। अभी तक कोई जवाब नहीं आया है कि रिपोर्ट कब आएगी।

भूदेव,बसस्टैंड चौकी इंचार्ज

बेटे से मिलने के लिए भी लेनी पड़ती है अनुमति

हाउसिंगबोर्ड कॉलोनी में रहने वाली रूकमणि देवी \\\"मिक्की स्टार\\\' को अपना बेटा शिवा बता रही है। वह पिछले एक माह से रो-रो कर प्रशासन से गुहार लगा रही है कि उसके बेटे को दिला दो। वह रोते हुए कहती है कि ये कैसा कानून है कि एक मां को भी अपने लाल से मिलने के लिए परमिशन लेनी पड़ती है। अब पता नहीं कब तक मुझे मेरा लाल मिलेगा। उसने कहा कि उसे एक माह में केवल दो या तीन बार ही शिवा से मिलने दिया गया है।

एक माह नौ दिन से अपनी मां के आंचल से दूर मासूम \\\"मिक्की स्टार\\\' की डीएनए टेस्ट की रिपोर्ट के लिए स्थानीय पुलिस भी कई बार रिमाइंडर मधुबन भेज चुकी है। एसपी मितेश जैन ने भी इस बारे में डीओ लेटर भिजवाया है। मगर अभी तक मधुबन से कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला है। जिस कारण अभी तक इस बारे में कोई पुख्ता समय पुलिस नहीं बता पा रही है कि डीएनए रिपोर्ट कब आएगी।

दुखड़ा