अर्थशास्त्र के छात्रों का धरना समाप्त
सीडीएलयूके अर्थशास्त्र विभाग के विद्यार्थी कक्षाओं में पीछे खड़े होकर लेक्चर अटेंड करने को मजबूर है। इसका कारण है कि विभाग में कक्षाओं की संख्या कम साइज छोटा होना है। इसी बात को लेकर 2 दिन से विभाग के छात्र कक्षाओं का बहिष्कार कर रहे हैं। छात्र मंगलवार भी कक्षाओं का बहिष्कार धरने पर बैठ गए। 2 घंटे बाद विवि प्रशासन के आश्वासन कि शीघ्र कमरा अलॉट कर दिया जाएगा पर धरना समाप्त किया गया।
मंगलवार को भी विभाग के विद्यार्थी कक्षाओं का बहिष्कार कर वीसी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। प्रदर्शनकारियों ने विवि प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। करीब दो घंटे बाद विवि प्रशासन ने उन्हें शीघ्र कक्षा देने का आश्वासन देकर धरना समाप्त करवाया। विभाग के विद्यार्थियों का कहना है कि कक्षा कम छोटी होने के कारण उन्हें बहुत परेशानी रही है। लेक्चर अटेंड करते समय उन्हें कक्षा में पीछे खड़े रहकर पढ़ना पड़ता है। उधर विभाग के प्राध्यापकों का भी कहना है कि विभाग लंबे समय से कमरों की कमी से जूझ रहा है। विभाग में कुल 13 प्राध्यापक हैं बैठने के लिए कमरा एक है जबकि दूसरे कई विभागों में एक या दो लेक्चररों के लिए एक कमरा है। कक्षा कम होने के कारण उन्हें कम्प्यूटर लैब में भी कक्षा लगानी पड़ती है। कक्षा छोटी विद्यार्थी ज्यादा होने के कारण पढ़ाते समय भी बहुत परेशानी आती है। पढ़ाई का माहौल नहीं बन पाता।
300 विद्यार्थी के लिए केवल पांच कक्षाएं
विद्यार्थियोंका कहना है कि विभाग में 300 छात्र शिक्षा ले रहे हैं जबकि कक्षा केवल पांच हैं। विभाग में एक पांच वर्षीय कोर्स, एमए इकॉनामिक्स दो वर्ष, एमफिल,पीएचडी कोर्स चल रहे है। इन कोर्सों के लिए 9 कक्षाएं हाेनी जरूरी है। कक्षा में 25 विद्यार्थियों के बैठने की क्षमता है मगर प्रत्येक कक्षा में 40 से 50 तक विद्यार्थी हैं। ऐसे में उन्हें कक्षा में खड़े रहकर लैक्चर सुनना पड़ता है। उधर प्राध्यापकों के बैठने के लिए भी यम नहीं है।