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डीसी ने इमरजेंसी सेवा का लिया जायजा

6 वर्ष पहले
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आपातकालीनस्थित में जिले की इमरजेंसी स्वास्थ्य सुविधा दुरुस्त है या नहीं, इसे देखने के लिए डीसी राजीव रतन शनिवार रात भर जागे। उन्होंने प्रशासनिक टीम के साथ रात करीब 12 बजे सामान्य अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उन्होंंने पहुंचते ही सबसे पहले हाजिरी रजिस्टर की जांच की।

ड्यूटी पर मौजूद स्वास्थ्य कर्मी प्रशासनिक टीम को देखकर अलर्ट हो गए। इसके बाद डीसी ने स्वास्थ्य कर्मी से सेवाओं के बारे में जानकारी मांगी। मौके पर मौजूद डॉक्टर ने उन्हें इमरजेंसी वार्ड में दी जाने वाली सुविधाओं से अवगत कराया। करीब 15 मिनट की जांच के बाद डीसी अस्पताल से बाहर निकले।

ड्यूटीपर मौजूद स्टाफ का खींचा फोटो : मौकेपर मौजूद एक प्रशासनिक अधिकारी ने डीसी के निर्देश पर ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ का सबूत के तौर पर फोटो खींचा।

बताया जा रहा है कि रजिस्टर में दर्ज नाम के हिसाब से स्वास्थ्य कर्मियों की जांच की जाएगी कि हाजिरी ठीक थी या नहीं। डीसी ने दो दिन पहले गढ़ी घसीटा स्कूल में भी औचक निरीक्षण कर रजिस्टर की जांच की थी। जिसमें स्कूल हैड गैर हाजिर मिला था।

102हेल्पलाइन देर शाम हुई शुरू : 22घंटे डैड रहने के बाद 102 इमरजेंसी टोल फ्री एम्बुलेंस हेल्पलाइन सेवा शनिवार देर शाम को शुरू की गई। बीएसएनएल के अधिकारियों ने खुद मौके पर पहुंचकर अस्पताल के अंदर जनस्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों द्वारा काटी गई केबल को ठीक किया। हैल्पलाइन लंबे समय तक डैड रहने से मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था।

^बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए प्रयास जारी है। सुपर हेल्थ सुविधा को लेकर सरकार सामान्य अस्पताल पर काम कर रही है। फिलहाल पंचकूला में प्रयास जारी है। जल्दी सोनीपत में भी आईसीयू अन्य हैल्थ सुविधाएं होंगी।’’ डॉ.जसवंत पूनिया, सिविल सर्जन।

{रजिस्टर भी खंगाले, ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ के खींचे फोटो

सूत्रों ने बताया कि अचानक बड़ी इमरजेंसी से निपटने के लिए सामान्य अस्पताल तैयार नहीं है। सुपर हैल्थ सुविधा के लिए अभी भी मरीज को रैफर किया जाता है। बताया जा रहा है कि अस्पताल में इमरजेंसी वार्ड के अंदर मरीज की हार्ट बीट देखने के लिए जो कार्डियक मॉनिटर है वह एक ही है और खराब रहता है। अस्पताल में जख्मी मरीज को वाहन से नीचे उतारकर वार्ड तक पहुंचाने के लिए स्ट्रेचर नाममात्र ही हैं। जिसके चलते इमरजेंसी में कई बार परिजन मरीज को हाथों में उठाकर ले जाते देखे जाते हैं।