पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • रायल्टी देकर आए ट्रकों को अवैध बताकर रोका

रायल्टी देकर आए ट्रकों को अवैध बताकर रोका

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
> एसपी बोले- पुलिस चुनाव में बिजी, एक-एक ट्रक नहीं चेक कर सकते

भास्करन्यूज | यमुनानगर/जगाधरी

नौसितंबरसे जिला पुलिस ने हमारे ट्रक कलानौर से पीछे यूपी बाॅर्डर पर 11 दिन से रोक रखे हैं। तर्क दे रहे हैं कि अवैध माइनिंग है, जबकि ऐसा नहीं है। हमारे पास सभी दस्तावेज हैं। जिससे ये साबित हो रहा है कि ये रेत यूपी से वैध तरीके से रहा है। पुलिस हमारी ओर तो संदेह की नजर रख रही है जबकि पीडब्ल्यूडी विभाग भी तो रेत ला रहा है। उन्हें नहीं रोक जा रहा। 10 दिन से एसपी से मिलना चाह रहे हैं लेकिन हर बार कोई नया तर्क जाता है। बार्डर पर 100 से अधिक ट्रक खड़े हैं।

ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के सैकड़ों सदस्य प्रधान मलकीत सिंह के नेतृत्व में सवा 11 बजे एसपी से मिलने लघु सचिवालय पहुंच गए। इंतजार किया और फिर जब उनकी बात को नहीं सुना गया तो एसपी कार्यालय के सामने धरने पर बैठ गए। करीब सवा एक बजे एसपी आए। सदस्यों ने अपनी बात रखी। इसके बाद ही सदस्य वापस लौटे। वापस लौटते समय सदस्यों का रूख भी नरम नजर आया। कहने लगे कि हमने एसपी को कागज दिखा दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए है कि पुलिस चुनाव और तिगरा गांव के तनाव में व्यस्त है। इसलिए संभव नहीं है कि एक-एक ट्रक के कागजात चेक किए जाए। अच्छा रहेगा कि वे नियम में रह कर काम करे।

इन्हींट्रकों से मिलती है रोटी: यमुनानगर,कुरुक्षेत्र करनाल ट्रक एसोसिएशन के सदस्य आज एसपी से मिलने आए। इनका कहना है कि रेत से भरे ट्रकों को यूपी से हरियाणा में नहीं आने दिया जा रहा। हरियाणा में खनन बंद है मगर यूपी ने खनन बंद नहीं है। उनकी रोजी रोटी तो ट्रकों के सहारे ही चलती है। यदि इसी प्रकार से उनके ट्रकों को नहीं चलने दिया गया तो वे बर्बाद हो जाएंगे। सदस्यों का ये भी कहना है कि उनके साथ-साथ अप्रत्यक्ष तौर पर इस कारोबार में बहुत से लोग जुड़े हैं। मजदूर इंतजार करता है कि वह लोडिंग, अनलोडिंग करे। पेट्रोल पंप संचालक भी इस कारोबार से जुड़ा है। यहां तक की मेकेनिक को भी इससे रोजगार मिलता है।

रसीद बिल भी है उनके पास

मलकीतसिंह, जतिन त्यागी, कश्मीर सिंह , धर्मपाल कांबोज ने बताया कि जब हम लोगों के पास बिल खनन की रसीद है तो हमें रेत बजरी लाने से क्यों रोका जा रहा है। इनका कहना है कि उत्तर प्रदेश में रेत बजरी का कारोबार वैध है। वे लोग तो वहीं से ला रहे हैं जिसके लिए सरकार को रायल्टी भ